कांग्रेस में घमासान अभी भी जारी है। टिकट की लड़ाई ऐसे मोड़ पर आ गई है कि न समर्थक कुछ बोल पा रहे हैं, न ही प्रत्याशी। सोमवार को चायल विधानसभा सीट से रामयज्ञ द्विवेदी व जिलाध्यक्ष तलत अजीम ने कांग्रेस के ए व बी फार्म पर पर्चा दाखिल कर दिया। इससे सियासी माहौल करवट लेने लगा है। सपा व कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के बीच दोपहर बाद से यही चर्चा होती रही कि आखिर कांग्रेस अब किस पर भरोसा जताएगी और किसको अपना अधिकृत प्रत्याशी घोषित करेगी। हालांकि दोनों के समर्थक देर रात तक तमाम तरह की बातें करते रहे।
चायल सीट से बसपा ने आसिफ जाफरी और भाजपा ने संजय गुप्ता को चुनाव मैदान में उतारा है। सपा व कांग्रेस की लड़ाई में यह सीट फंसी रही। गठबंधन के बाद फैसला हुआ कि यह सीट कांग्रेस के खाते में जाएगी। निर्णय होने के बाद पहले रामयज्ञ द्विवेदी को टिकट दिया गया। इसके बाद रामयज्ञ का टिकट काटकर तलत अजीम को प्रत्याशी घोषित कर दिया।
सोमवार को तलत अजीम को नामांकन करना था, वह पूरी तैयारी से जुलूस के साथ निकले। वह जब नामांकन कक्ष पहुंचते, इसके पहले ही कांग्रेस की ओर से रामयज्ञ द्विवेदी ने नामांकन कर दिया। इसकी जानकारी तलत के सर्मथकों को हुई तो उनके होश उड़ गए। तलत अजीम ने नामांकन किया और बाहर निकले। रामयज्ञ द्विवेदी और तलत अजीम खुद को ही प्रत्याशी बताते रहे, यह भी कहते रहे कि पार्टी आला कमान जो फैसला लेगा, उन्हें मान्य है। पार्टी की ओर से देर शाम तक कोई निर्णय नहीं लिया गया। इससे कार्यकर्ता छटपटाते रहे। व्हाटसएप, वेब पोर्टल के अलावा सोशल साइट में कांग्रेस से संबंधित सूचना जानने की बेताबी लोगों में दिखी। इस चुनावी महासंग्राम में कांग्रेस का असली योद्धा कौन होगा? इसको लेकर रहस्य का पर्दा सोमवार को पड़ा ही रह गया।