पिपरी कोतवाली के बदलेपुर गांव स्थित एक भूमि को महिला व एक गवाह ने बिक्री कर साढ़े चार लाख रुपये ले लिए। दाखिल खारिज होने से पहले भूमि की रजिस्ट्री दूसरे के नाम कर दी गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
प्रयागराज के धूमनगंज कोतवाली के पीपल गांव निवासी जगमोहन मौर्य का कहना है कि उसने बलहेपुर में एक बीघा भूमि का सौदा किया था। भूमि खरीदने के लिए काश्तकार सांवला देवी पत्नी सुखई निवासी शाहपुर पेरवा से संपर्क किया।
23 अगस्त 2017 में जगमोहन ने भूमि की रजिस्ट्री कराई। इस दौरान गवाह के रूप में बलहेपुर गांव का ओमप्रकाश भी रहा।
जगमोहन मौर्य का आरोप है कि रजिस्ट्री के दौरान इस बात की भी लिखा-पढ़ी हुई थी कि सांवला देवी अनुसूचित जाति की नहीं है, लेकिन यह बात उससे छिपाई गई। नतीजतन दाखिल-खारिज न होने का फायदा उठाते हुए सांवला देवी व ओमप्रकाश ने उस भूमि को दूसरे को बेच दी।
दो साल बाद घटना की जानकारी होने पर जगमोहन ने पैसा वापस मांगा तो उसे जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है।