मंझनपुर। कस्तूरबा गांधी आवासीय स्कूलों की छात्राओं को गर्मी में परेशान होना पड़ेगा। धन उपलब्ध कराने के बाद भी स्कूलों का विद्युतीकरण नहीं कराया गया। बेसिक शिक्षाधिकारी का कहना है कि पिछले साल मार्च में ही अधिशासी अभियंता विद्युत को पत्र भेजकर जल्द से जल्द स्कूलों का विद्युतीकरण कराने को कहा है।
बता दें कि जिले के मंझनपुर, सरसवां, कौशाम्बी, चायल, नेवादा, मूरतगंज, कड़ा और सिराथू में एक-एक कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय है। इन सभी स्कूलों को अभी तक बिजली नहीं मिल सकी है। इससे इन स्कूलों में पढ़ने वाली छात्राओं को गर्मी में परेशान होना पड़ेगा। बेसिक शिक्षाधिकारी अशोक कुमार सिंह यादव ने बताया कि आठों स्कूलों में बिजली कनेक्शन के लिए विद्युत विभाग को करीब सालभर पहले स्टीमेट के मुताबिक तकरीब चार लाख रूपये अवमुक्त किया जा चुका है। आरोप है कि सालभर का समय बीतने के बाद भी स्कूलों का विद्युतीकरण नहीं कराया गया है। इससे क्लासरूम के अलावा आवासीय परिसर में रहने वाली छात्राओं को तमाम दिक्कतेां का सामना करना पड़ रहा है। बीएसए ने बताया कि पिछले साल मार्च में ही उन्होंने पत्र भेजकर एक्सईएन को स्कूलों में बिजली उपलब्ध कराने को कहा था। दावा किया कि शनिवार को भी उन्होंने रिमाइंडर भेजा है। इस संदर्भ में एक्सईएन विद्युत विकास कपूर का कहना है कि स्कूल में विद्युतीकरण का फाइनल स्टीमेट तैयार किया जा रहा है। जल्द ही स्कूलों का विद्युतीकरण करा दिया जाएगा। वहीं प्राथमिक स्कूल उमरछा के विद्युतीकरण के लिए पोल आदि हैं। प्रधान का आरोप है कि स्कूल के विद्युतीकरण में जेई आनाकानी कर रहे हैं। शनिवार को अधिशासी अभियंता से शिकायत की।