पश्चिम शरीरा। महेवाघाट थाना क्षेत्र के मवई गांव निवासी जानू सिंह (30) गांव के बड़े काश्तकार थे। उन्होंने अपने स्वर्गीय पिता के नाम से गांव में ही जगतपाल सिंह डिग्री कालेज की स्थापना की भी थी। इसके वे प्रबंधक थे। उनके गहरे मित्र अजय पांडेय के मुताबिक मंगलवार को उनकी अचानक तबीयत बिगड़ गई। बुखार की शिकायत पर उन्हें इलाहाबाद के एक निजी हास्पिटल में भर्ती कराया गया था। वहां चिकित्सकों ने डेंगू होने की पुष्टि की थी। शनिवार की शाम करीब छह बजे निधन हो गया। इससे घर-परिवार में कोहराम मच गया। जिले में बुखार और डेंगू से लगातार मौतें हो रही हैं। कुछ दिन पहले ही अजुहा कस्बे की दो युवतियों की भी डेंगू से मौत हुई थी। इसी तरह से मूरतगंज इलाके की मां-बेटी की बुखार ने जान ले ली थी। भरवारी के डेंगू पीड़ित कई लोगों का इलाहाबाद में इलाज चल रहा है।