मंझनपुर। यूपी बोर्ड की परीक्षाओं का काउंट डाउन शुरू हो गया है। परीक्षा करीब होने के बावजूद तमाम केंद्रों पर वायस रिकार्डर युक्त सीसीटीवी कैमरा समेत अन्य आवश्यक सुविधाओं का अभाव है। इसकी जानकारी होने पर डीएम ने सीडीओ की अगुवाई में 16 जिला स्तरीय अफसरों को भौतिक सत्यापन करने का निर्देश दिया है। अफसर दो दिन के भीतर केंद्रों की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यूपी बोर्ड के हाईस्कूल-इंटरमीडिएट की परीक्षाएं सात फरवरी से प्रारंभ हो रही हैं। इसके लिए जिले में 78 विद्यालयों को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। नकलविहीन बोर्ड परीक्षा के लिए शासन ने कुछ गाइड लाइन जारी कर रखी हैं। पिछले हफ्ते डीएम मनीष कुमार वर्मा ने भी सभी केंद्र व्यवस्थापकों/प्रधानाचार्यों की बैठक में परीक्षा में जरूरी सुविधाएं/संसाधनों मसलन कक्ष के दोनों तरफ वायस रिकार्डर युक्त सीसीटीवी कैमरे, शौचालय, स्वच्छ पेयजल, फर्नीचर, खिड़की, चहारदीवारी, संपर्क मार्ग आदि की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया था। डीएम ने इसके लिए सभी को 26 जनवरी तक की मोहलत भी दी थी। इसके बावजूद पता चल रहा है कि अभी भी कुछ केंद्रों पर वायस रिकार्डर युक्त सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए हैं। इस पर डीएम ने सीडीओ इंद्रसेन सिंह को प्रत्येक केंद्रों की वास्तविक जांच कराने का निर्देंश दिया है। डीएम के निर्देश पर सीडीओ इंद्रसेन सिंह ने सोमवार को 16 जिला स्तरीय अधिकारियों की टीम लगा दी है। इनमें से 15 अफसर पांच-पांच व एक को तीन केंद्र आवंटित किया गया है। इन अफसरों को दो दिन के भीतर आवंटित विद्यालयों की जांचकर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।