- गैराज संचालकों और ऑटो पार्ट्स डीलरों की बैठक में एआरटीओ ने दी चेतावनी
- नियम तोड़ने पर एक लाख रुपये तक जुर्माना, वाहन चालकों पर भी होगी कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
कासगंज। सड़कों पर कानफोड़ू आवाज निकालने वाले मॉडिफाइड साइलेंसर, प्रेशर हॉर्न और हूटर लगाने वालों की अब खैर नहीं है। जिले में ध्वनि प्रदूषण पर लगाम कसने के लिए परिवहन विभाग ने सीधे इसके बड़े नेटवर्क पर चोट करनी शुरू कर दी है। सोमवार को सहायक संभागीय परिवहन कार्यालय में गैराज संचालकों, ऑटो पार्ट्स विक्रेताओं और डीलरों की एक अहम बैठक बुलाई गई, जिसमें एआरटीओ आरपी मिश्र ने दोटूक शब्दों में चेतावनी दी कि इन अवैध उपकरणों की बिक्री, फिटिंग या भंडारण करने पर एक लाख रुपये तक का भारी-भरकम जुर्माना लगाया जाएगा। परिवहन आयुक्त के निर्देशों पर शुरू हुए इस विशेष अभियान के तहत सिर्फ दुकानदारों पर ही नहीं, बल्कि ऐसे वाहनों को दौड़ाने वाले चालकों पर भी कानून का शिकंजा कसेगा।
अगर कोई वाहन चालक मॉडिफाइड साइलेंसर या प्रेशर हॉर्न का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे तीन महीने तक की जेल या 10 हजार रुपये का जुर्माना भुगतना पड़ सकता है। इतना ही नहीं, विभाग ऐसे मामलों में गाड़ी की आरसी (पंजीयन प्रमाणपत्र) और चालक का ड्राइविंग लाइसेंस भी तीन महीने के लिए सस्पेंड कर देगा। इस अभियान को पूरी तरह सफल बनाने के लिए परिवहन विभाग ने आम जनता से भी सहयोग मांगा है। यदि आपको कहीं भी इन प्रतिबंधित उपकरणों की बिक्री या वाहनों में इनके इस्तेमाल की जानकारी मिलती है, तो आप विभाग के टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1800-180-0151 या 149 पर तुरंत अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं, जिस पर त्वरित कार्रवाई की जाएगी।