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Kasganj News: फतेहगढ़ के लापता कानूनगो की जांच सीबीआई से कराने की मांग

Sat, 06 Jun 2026 10:55 PM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज
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कासगंज। जिला फर्रुखाबाद की तहसील फतेहगढ़ में तैनात चकबंदी विभाग के कानूनगो की गुमशुदगी का मामला डेढ़ साल बाद एक बार फिर चर्चा में है। परिजन अब तक पुलिस और प्रशासन की जांच से संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री से मामले की निष्पक्ष पड़ताल के लिए सीबीआई जांच की मांग की है। उनका कहना है कि डेढ़ साल बीतने के बावजूद कानूनगो का कोई सुराग नहीं मिल सका है, जिससे मामले को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
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शहर के बिलराम गेट पीली कोठी निवासी मनोज माहेश्वरी फतेहगढ़ में चकबंदी विभाग में तैनात थे। वह 20 अगस्त, 2024 को फतेहगढ़ से लापता हो गए थे। उनकी वृद्ध मां कुसुमलता (75) एवं पत्नी संगीता माहेश्वरी का आरोप है कि वह उस दिन सुबह ड्यूटी पर गए थे, जिसके बाद घर नहीं लौटे। घटना की सूचना मिलने के बाद कासगंज की तत्कालीन पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा और जिलाधिकारी मेधा रूपम सहित प्रशासनिक अधिकारियों को अवगत कराया गया था, लेकिन मामला फर्रुखाबाद का होने के कारण उनकी गुमशुदगी वहीं दर्ज हुई थी। इसके बाद फर्रुखाबाद और कानपुर जोन के वरिष्ठ अधिकारियों तक भी मामला पहुंचाया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया।
मामले की जांच फर्रुखाबाद पुलिस कर रही है। आरोप है कि लगातार शिकायतें भेजी जा रही हैं और रजिस्ट्री के माध्यम से भी अधिकारियों को सूचित किया गया है। मामला मानवाधिकार आयोग, लखनऊ और दिल्ली तक भी पहुंचाया गया, जहां से जांच प्रक्रिया शुरू की गई। लखनऊ मानवाधिकार आयोग ने संबंधित थाने के प्रभारी निरीक्षक को तलब कर पूछताछ भी की थी, लेकिन जांच का हवाला देकर पल्ला झाड़ लिया गया। डेढ़ साल बीतने के बाद भी उनकी गुमशुदगी की गुत्थी नहीं सुलझ सकी है। परिजन का आरोप है कि सभी स्तरों पर प्रयास के बावजूद अब तक कानूनगो के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की है।
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