चित्रकूट जिले में दुष्कर्म के मामले में गुरुवार को न्यायालय ने आरोपी को दस वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। सरकारी वकील सिद्धार्थ आनंद ने बताया कि मऊ थाना क्षेत्र के एक गांव की महिला ने थाने में बरिया गांव के निवासी रामबहादुर उर्फ पुटुल पुत्र फक्कड़ के खिलाफ दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
महिला के अनुसार 18 मई 2018 को वह रात में करीब दस बजे खाना खाने के बाद सोने जा रही थी। तभी गांव का रामबहादर ुउसके घर आया और उसे पकड़कर ले जाने लगा। बचाव के लिए उसने गुहार लगाई तो वह उसका मुंह दबाकर एक नलकूप में ले गया और वहां उसके साथ दुष्कर्म किया।
विरोध करने पर लात-घूंसे और डण्डों से उसकी पिटाई की। चिल्लाने पर जान से मारने की धमकी दी। उसका पति प्रयागराज में मजदूरी करता था, जिस वजह से घर में नहीं था। तीन दिन बाद पति के प्रयागराज से लौटने पर उसने मामले की जानकारी दी और मऊ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
रेप केस एवं पॉक्सो एक्ट न्यायालय के अपर सत्र न्यायाधीश प्रदीप कुमार मिश्रा ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद रामबहादुर को दस वर्ष की सजा सुनाई। साथ ही 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। पुलिस ने दोषी को जिला कारागार भेज दिया।