21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर अमर उजाला परशुराम वटिका, आर्यनगर में योगशाला का आयोजन कर रहा है। हर किसी के जीवन में योग का महत्व है, जीवनशैली सुधारने और कई तरह की समस्याओं-बीमारियों से बचने में योग कारगर है। गंभीर से गंभीर बीमारियों में भी योग के काफी अच्छे परिणाम रहे हैं। बहुत से ऐसे लोग हैं जो जिंदगी से हार चुके थे, निराश हो गए थे, उनको योग ने नया जीवन दिया। ऐसे लोगों ने अपने अनुभव अमर उजाला से साझा किए।
योग है सबसे अच्छी दवाई
रिटायर्ड एडीजी एस एन सिंह ने बताया कि गुस्सा, चिड़चिड़ापन उनके जीवन का हिस्सा बन गया था। जिंदगी में निराशा लगने लगी थी। पिछले 10 सालों से लंबर नाम की बीमारी से वह पीड़ित थे। इस बीमारी में रीढ़ की हड्डी में इतना दर्द रहता था कि वह लंगड़ा कर चलने लगे थे। कई डॉक्टर्स से इलाज कराने के बावजूद उनको आराम नहीं मिल रहा था। डॉक्टर ने ऑपरेशन करवाने की सलाह दी। फिर वे एक योग केंद्र के संपर्क में आए। लगातार 6 महीनों तक उन्होंने योग किया और अब वे आराम से चल-फिर पा रहे हैं। वेे रोजाना कम से कम 40 मिनट तक योग करते हैं। उन्होंने कहा कि योग अपने आप में एक दवा है जिसको हर किसी को लेनी चाहिए।
योग करे निरोग
40 सालों से पेट की बीमारी व रीढ़ की हड्डी में दर्द से पीड़ित राजकीय पॉलिटेक्निक के प्रवक्ता सिविल इंजीनियर आर एन शुक्ला ने बताया कि उन्होंने कई बड़े डाक्टरों से इलाज करवाया। हजारों दवाइयां खाईं, लेकिन उनको आराम नहीं मिला। फिर उन्होंने पिछले तीन सालों से योग करना शुरू किया। जो बीमारी पिछले 40 सालों से ठीक नहीं हो रही थी, उसमें महीने भर में ही आराम मिलने लगा और अब तो दर्द होता ही नहीं। वह रोजाना एक घंटे योग जरूर करते हैं।
ट्रेनर से सीखें योग
योग चमत्कारिक तरीके से बीमारियों को दूर करता है। यह कहना है सीए राहुल गुप्ता का, जो 8 सालों से शुगर व पेट की बीमारी से परेशान थे। उन्होंने बताया कि कोई भी डॉक्टर उनकी समस्या का कारण नहीं समझ पा रहा था। तमाम इलाज करवाने के बाद उन्होंने नियमित योग करना शुरू किया। आज उनको पेट की समस्या नहीं है और शुगर भी कंट्रोल में है। राहुल ने बताया कि वे रोजाना कम से कम 20 मिनट योग जरूर करते हैं।
योग ने दूर किया माइग्रेन
देव अंतरराष्ट्रीय योग केंद्र का संचालन करने वाले डा. ओमप्रकाश आनंद ने बताया कि सालों से उनको माइग्रेन (सिर दर्द) की समस्या थी। हर तरह का इलाज करवाया लेकिन स्थायी आराम नहीं मिल रहा था। फिर उन्होंने योग को अपनाया। रोजाना आधा घंटा योग करने से महीने भर में ही उनका सिर दर्द गायब हो गया। योग से डा. आनंद को इस कदर लगाव हुआ कि उन्होंने योग गुरुओं की शरण में जाकर योग ट्रेनिंग ली।
योग दूर करेगा हर रोग
योग प्रशिक्षक डा.रवींद्र पोरवाल ने बताया कि योग अगर सही तरीके से किया जाए तो वह बीमारी को 100 प्रतिशत तक ठीक कर देता है। यह व्यायाम नहीं, बल्कि निरोग बनाने की कला है। योग अंगों को स्वस्थ बनाता है और व्यक्ति को जल्दी बीमार नहीं होने देता। बस, यह ध्यान रखें कि योग करने के लिए किसी योग प्रशिक्षक की सलाह जरूर लें।