हमीरपुर जिले के राठ कोतवाली क्षेत्र से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां के औंड़ेरा गांव में शुक्रवार की सुबह एक खेत में लगे आम के पेड़ पर महिला का शव फंदे से लटका मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को फंदे से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतका के पति के अनुसार, महिला पिछले काफी समय से मानसिक तनाव और अस्वस्थता से जूझ रही थी, जिसके चलते उसने यह आत्मघाती कदम उठाया।
खेत पर बने मकान में रहकर करती थी फसल की रखवाली
औंड़ेरा गांव निवासी पप्पू राजपूत ने अपने खेत में गन्ने की फसल बो रखी है। फसल की देखरेख और रखवाली के लिए उनकी 48 वर्षीय पत्नी परमी खेत पर ही बने एक छोटे मकान में रहती थीं। रोजाना की तरह बृहस्पतिवार की रात को भी वह खेत पर ही सोई थीं। परिजनों के मुताबिक, रात के सन्नाटे में किसी समय परमी ने मकान के पास ही खड़े आम के पेड़ पर रस्सी का फंदा बनाया और उस पर झूल गईं। शुक्रवार सुबह जब गांव के कुछ लोग और बच्चे खेत की तरफ आम बीनने गए, तो पेड़ पर परमी का शव लटका देख उनके होश उड़ गए। ग्रामीणों के शोर मचाने पर मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई।
सिर की पुरानी चोट बनी मानसिक तनाव का कारण
घटना की जानकारी मिलते ही मृतका के पति पप्पू राजपूत और बच्चे रोते-बिलखते खेत पर पहुंचे। पति पप्पू ने पुलिस को बताया कि वर्ष 2016 में एक हादसे के दौरान परमी के सिर में गंभीर चोट आई थी। उस समय इलाज तो हुआ, लेकिन सिर की चोट के गहरे असर के कारण तभी से उनका मानसिक संतुलन पूरी तरह ठीक नहीं रहता था। वह अक्सर गंभीर मानसिक तनाव और अवसाद में घिरी रहती थीं। परमी की इस असमय मौत से उनकी बेटियों कल्पना, कविता, सविता और इकलौते बेटे रिशु का रो-रोकर बुरा हाल है।
पुलिस कर रही है मामले की जांच
हादसे की खबर मिलते ही प्रभारी कोतवाल अनूप सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कोतवाल अनूप सिंह के अनुसार शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करा दिया गया है। शुरुआती जांच और परिजनों के बयानों से मामला मानसिक तनाव के कारण की गई आत्महत्या का लग रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद और मामले के अन्य पहलुओं को ध्यान में रखकर आत्महत्या के सही कारणों की विस्तृत जांच की जाएगी।