कानपुर देहात। अगर इंसान कोई काम करने की ठान ले तो वह जरूर पूरा होता है। यह बात मैथा ब्लॉक के ग्राम पंचायत भेमान की रहने वाली कश्मीर कुमारी ने कर के दिखाई है। पति के सहयोग से 30 हजार रुपये के फिनाइल व टॉयलेट क्लीनर का कारोबार शुरू कर गांव की अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध करा रही हैं।
इनके पति विकास पहले एक निजी कंपनी में फिनाइल व टॉयलेट क्लीनर बनाने का काम करते थे। पति की मेहनत के बावजूद कम आमदनी होने की वजह से परिवार के भरण-पोषण में समस्या हो रही थी। उन्होंने पति के साथ मिलकर स्वयं का कारोबार शुरू करने की ठानी और घर पर ही 30 हजार रुपये से काम शुरू किया। इसके लिए आगरा से फिनाइल बनाने के लिए सामान की खरीदारी की जाती है। वहीं, नासिक से टॉयलेट क्लीनर का सामान खरीदा जाता है।
जिला मिशन प्रबंधक पूजा वर्मा ने बताया कि कश्मीर कुमारी ने विभाग से मिलकर कारोबार को आगे बढ़ाने की इच्छा जाहिर की है। इसके लिए इन्होंने ने गांव की अन्य 12 महिलाओं को साथ में लेकर श्री बागेश्वर महिला स्वयं सहायता समूह तैयार किया। फिनाइल आदि के काम के साथ डिटर्जेंट पाउडर व साबुन का कारोबार शुरू करने के लिए जल्द ही इन्हें आरसेटी से प्रशिक्षण दिलाया जाएगा। साथ ही सीसीएल के तहत करीब 1.5 लाख रुपये तक का ऋण भी उपलब्ध कराया जाएगा। इससे अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध हो सकेगा और वह आत्मनिर्भर बनकर स्वयं की आमदनी कर सकेंगी।
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साथ मिलकर बढ़ाएंगे रोजगार
पहले पति एक निजी कंपनी में काम करते थे। उनके सहयोग से स्वयं का काम शुरू किया और अब गांव की अन्य महिलाओं को साथ मिलाकर काम को आगे बढ़ा रहे हैं। जल्द ही डिटर्जेंट पाउडर सहित अन्य काम की शुरूआत करनी है, जिससे ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराया जा सके। - कश्मीर कुमारी।
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मेहनत और लगन के साथ करना है काम
गांव की महिलाओं के साथ मिलकर काम करना अच्छा लगता है। अब घर खर्च के लिए दूसरों पर आधारित नहीं रहना पड़ता। स्वयं की मेहनत से होने वाली आमदनी को खर्च करने में गर्व महसूस होता है। अब काम को आगे बढ़ाने के साथ अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध कराने के लिए मेहनत और लगन के साथ काम को करना है। - लक्ष्मी देवी।
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बढ़े कदमों को अब नहीं है रोकना
जब काम की शुरूआत की, तो गांव के लोगों को विश्वास नहीं था कि महिलाएं कारोबार को आगे बढ़ा सकेंगी। समूह ने मिलकर काम को आगे ही नहीं बढ़ाया है बल्कि अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध कराया है। स्वयं की आमदनी शुरू होने से सभी में आत्मविश्वास की भावना जागृत हुई है। बढ़े हुए कदम को अब रोकना नहीं है। - रुचि चौहान।
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साथ मिलकर समूह को बढ़ाना है आगे
फिनायल व टॉयलेट क्लीनर के साथ समूह की महिलाओं ने डिटर्जेंट पाउडर व साबुन बनाने का काम शुरू करने का निर्णय लिया है। इसके लिए एनआरएलएम विभाग में आवेदन भी किया गया है। जल्द ही आरसेटी से प्रशिक्षण प्राप्त कर काम को आगे बढ़ाया जाएगा। साथ ही गांव की अन्य महिलाओं को समूह से जोड़ा जाएगा। - शिल्पी देवी।
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वर्जन.............
मैथा ब्लॉक की महिलाओं ने मिलकर कारोबार की शुरूआत की है। यह अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा बनकर उभरी हैं। विभाग महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से कई योजनाएं संचालित कर रहा है। जल्द ही इन महिलाओं को आरसेटी से प्रशिक्षण दिलाकर कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए सीसीएल के तहत ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। - गंगाराम वर्मा, उपायुक्त, एनआरएलएम