इसलिए इस बार जनेऊ, गोद भराई, बरीक्षा, मुंडन जैसे मांगलिक कार्य ही किए जा सकेंगे। वसंत पंचमी पूजन का शुभ मुहूर्त सुबह 6:59 बजे से 12:35 बजे तक है। वसंत पंचमी पर विद्यार्थियों को माता सरस्वती की पूजा अवश्य करनी चाहिए।
कानपुर होटल, गेस्ट हाउस, स्वीट्स एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के महामंत्री राजकुमार भगतानी ने बताया कि वसंत पंचमी पर हर साल बहुत बड़े पैमाने पर शादी समारोह होते रहे हैं लेकिन इस बार ऐसा नहीं है।
केवल रिंग सेरेमनी, गोदभराई के अलावा शादी के वर्षगांठ के समारोह लोग कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि शहर में दो सौ छोटे-बड़े होटलों के अलावा तीन हजार से अधिक गेस्ट हाउस व रेस्टोरेंट हैं। अभी दो सौ मेहमानों को ही बुलाने की अनुमति है।