आईआईटी कानपुर ने दुनिया भर में अपना परचम लहराया है। पिछले कई वर्षों का रिकाॅर्ड तोड़ते हुए आईआईटी कानपुर ने क्यूएस रैंकिंग-2026 में 41 पायदान की छलांग लगाकर 222वां स्थान हासिल किया है। पहली बार संस्थान को 222वीं रैंक मिली है। पिछले साल 263वीं रैंक मिली थी। इस बार आईआईटी ने सभी क्षेत्रों में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। 123वीं रैंक के साथ आईआईटी दिल्ली देश में टॉप पर रहा है। पिछले साल का टॉपर आईआईटी बॉम्बे 129वीं रैंक के साथ दूसरे स्थान पर है। आईआईटी मद्रास को 180 और आईआईटी खड़गपुर को 215वीं रैंक मिली है।
दुनिया के शीर्ष संस्थानों की सूची में आईआईटी कानपुर भी शामिल हो गया है। गुरुवार को क्यूएस (क्वाक्वेरेली साइमंड्स) की ओर से लंदन में विश्वविद्यालय वर्ल्ड रैंकिंग जारी की गई। आईआईटी कानपुर को ओवरऑल 53.7 अंक मिले हैं। जो पिछले साल के मुकाबले 14.4 अंक अधिक है। पिछले साल संस्थान को ओवरऑल 39.3 अंक मिले थे। साइटेशन पर फैकल्टी 84.1, एकेडमिक रेप्युटेशन में 49.4, फैकल्टी स्टूडेंट रेशियो में 16.1, इंप्लॉयर रेप्युटेशन में 82.7, इंप्लायमेंट आउटकम में 47.6 अंक मिले हैं।
वहीं, इंटरनेशनल स्टूडेंट रेशियो 1.4, रिसर्च नेटवर्क में 42.1, फैकल्टी रेशियाे में 3.1, स्टूडेंट डायवर्सिटी 5.8 अंक मिले हैं। सस्टेनेबिलिटी में 74.7 अंक मिले हैं। इस बार इम्प्लाॅयर रेप्युटेशन में 82.7 अंक मिले हैं जो पिछले साल के मुकाबले 25.8 अधिक है। निदेशक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने संस्थान की उपलब्धि पर खुशी जाहिर की है। उन्होंने कहा कि यह संस्थान की अकादमिक, शोध उत्कृष्टता और वैश्विक प्रभाव नवाचार के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इसमें सी3आई हब के सहयोग को नकारा नहीं जा सकता।