नगर पालिका शाहाबाद के अधिशासी अधिकारी रहे केके सोनकर और बिलग्राम के ईओ नीलाव शाल्या को शासन ने निलंबित कर दिया है। शाहाबाद के ईओ रहे केके सोनकर बिजली उपकरण की आपूर्ति और फिटिंग के भुगतान के एवज में दो लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों सोमवार को अपने आवास पर पकड़ लिए गए थे। एंटी करप्शन टीम की कार्रवाई और सूचना के बाद स्थानीय निकाय विभाग ने ईओ को निलंबित कर दिया है। वहीं डीएम अनुनय झा की संस्तुति पर शासन ने बिलग्राम के ईओ नीलाव शाल्या को भी निलंबित कर दिया है। स्थानीय निकाय निदेशक अनुज कुमार झा की तरफ से कार्रवाई के साथ ही आदेश भी जारी किए गए हैं।
नगर पालिका परिषद शाहाबाद के ईओ रहे केके सोनकर को एंटी करप्शन की टीम ने सोमवार को उनके आवास पर घूस लेते पकड़ा था। टीम ने योजना के मुताबिक, शहर की मेसर्स लक्ष्मी इलेक्ट्रिकल्स के संचालक सुदेश गुप्ता की शिकायत पर यह कार्रवाई की थी। घूस लेते रंग हाथों पकड़े गए ईओ ने बीमारी का बहाना बताकर बचने का प्रयास भी किया था, लेकिन टीम ने उन्हें नहीं छोड़ा था। टीम लखनऊ ले गई थी। बताया गया कि ईओ ने फर्म के करीब 27 लाख रुपये के भुगतान को किए जाने के एवज में दो लाख रुपये घूस में लिए थे। भुगतान टुकड़ों में किए जाने की बात कही थी, लेकिन ठेकेदार का बकाया काफी दिनों चला आ रहा था। इससे वह परेशान भी थे और ईओ की तरफ से घूस मांगे जाने पर उन्होंने कानून का सहारा लिया।
वहीं नगर पालिका बिलग्राम के ईओ नीलाव शाल्या ने कान्हा गोशाला में संरक्षित मवेशियों के भरण-पोषण के लिए भूसा आदि की खरीद में घूस ली थी। इसका वीडियो वायरल हुआ था। वायरल वीडियो की डीएम अनुनय झा ने जांच कराई थी। अतिरिक्त मजिस्ट्रेट पूनम भास्कर की तरफ से की गई जांच में वायर वीडियो में एक बाइक की डिग्गी में 1.50 लाख रुपये रखते हुए एक व्यक्ति दिखाई देता है, पास ही में ईओ नीलाव शाल्या भी खड़े दिखते हैं। इसमें ईओ से दूसरा व्यक्ति बाकी के रुपये बाद में दिए जाने की बात कहता सुनाई दे रहा था। वहीं चेयरमैन से फाइल पास कराने के भी दूसरा व्यक्ति ईओ से कहता सुनाई दे रहा है।