ये सामान हुआ बरामद
पीछा करते देख युवकों ने पुलिस टीम पर फायरिंग की। आत्मरक्षा में पुलिस ने भी फायरिंग की। दोनों के दाहिने पैर में गोली लगी। टप्पेबाजों के पास से दो तमंचा, दो जिंदा कारतूस, एक तमंचा में फंसा, बिना नंबर प्लेट की बाइक और दो चूड़ी, एक अंगूठी, एक मांग टीका, एक ओम नाम का लॉकेट (पीली धातु), दो जोड़ी बिछिया, एक जोड़ी पायल (सफेद धातु) के साथ 2500 रुपये मिले हैं।
दोनों रास्ते में महिला को मिले थे
पूछताछ में आरोपियों में ने अपना नाम लईक और महबूब निवासी जिला ऊधमसिंह नगर, उत्तराखंड बताया। उन्होंने 17 जुलाई को इंद्रानगर मोहल्ला निवासी गीता देवी के साथ हुई टप्पेबाजी की घटना स्वीकार की। दोनों रास्ते में महिला को मिले थे। महिला ने परिवार में दिक्कतें बताई, तो समाधान के उनके घर के पास तक गए और वहीं रुककर घर में रखे जेवरात मंगाए। कहा कि उसे सिद्ध कर देंगे, तो समस्या दूर हो जाएगी।
फरार साथियों की तलाश में जुटी पुलिस
महिला भी टप्पेबाजों के झांसे में आकर जेवर लेकर चली गई। जेवर मिलते ही दोनों फरार हो गए थे। वहीं, पास में रुपये के विषय में बताया कि उन्होंने 20 जुलाई को सोनभद्र जिले में भी महिला से पर्स छीना था, उसी में यह रुपये निकले थे। वहां भी इन पर रिपोर्ट दर्ज हुई थी और वांछित थे। एसपी दीपक भूकर ने बताया कि घटना में इनके दो और साथी सादिक और इब्राहिम हैं, उनकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।