राकेश भी उसी के साथ रहता थी और वहीं से लखनऊ काम पर जाता था। बताया कि 15 दिन पहले राकेश अपनी पत्नी को लेकर एक घंटे के लिए घर आया था। बहन ने बताया कि शनिवार को राकेश की सास मुन्नी का फोन आया था और उसने भाई को समझा लेने की धमकी दी थी।
शनिवार को भाई ससुराल में ही था, रात में पता चला कि उसकी मौत हो गई है। सूचना भी उसके फोन से किसी दूसरे ने दी थी। पोस्टमार्टम हाउस भी ससुराल पक्ष से कोई नहीं पहुंचा। मृतका की तीन बेटियां हैं। तीन भाईयों में दूसरे नंबर का था।
थानाध्यक्ष अरविंद कुमार पांडेय ने बताया कि कार की टक्कर से युवक की मौत हुई है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। अगर लिखित में कोई तहरीर आती है तो जांच की जाएगी। कार भी थाने में खड़ी है।