फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उन्नाव: गंगा एक्सप्रेसवे पर धंसी सर्विस रोड की मरम्मत, जलभराव रोकने को बनेगी दीवार, पंपसेट से निकाल रहे पानी

Wed, 02 Sep 2026 12:53 PM IST
Himanshu Awasthi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उन्नाव
विज्ञापन
गंगा एक्सप्रेसवे - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

उन्नाव जिले में गंगा एक्सप्रेसवे पर किमी संख्या 423.6 के पास फूड प्लाजा को जाने वाली सर्विस रोड करीब तीन मीटर धंस गई। निर्माण एजेंसी ने आनन-फानन मरम्मत कराई। वहीं, सोनिक टोल पर दूसरे दिन भी जलभराव, वाहन चालकों को परेशान किए रहा।

विज्ञापन

कर्मचारी ट्रैक्टर और पंपसेट से पानी निकालने के लिए दिन भर मशक्कत करते रहे।  गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण 29 अप्रैल को हुआ था। मंगलवार को हुई बारिश में किमी संख्या 423.6 पर प्रयागराज जाने वाली रोड पर रेस्ट एरिया को जाने वाली सर्विस लेन करीब तीन मीटर धंस गई। जानकारी मिलते ही कार्यदायी संस्था ने ढलाई कराकर धंसी सड़क को दुरुस्त कराया।

टोल लेन पर भरा पानी निकलवाया जा रहा
इसके अलावा सोनिक टोल प्लाजा जलभराव की समस्या दूसरे दिन भी बनी रही। इसके चलते वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। अडानी ग्रुप के जयराम सिंह ने बताया कि सर्विस लेन पर हुआ गड्ढा भरवा दिया गया है। ट्रैक्टर से टोल लेन पर भरा पानी निकलवाया जा रहा है।

जलभराव रोकने के लिए बनेगी दीवार
एजेंसी के मैनेजर आरएस मिश्रा ने बताया कि टोल के पास हाईटेंशन लाइन का टावर लगा है। बिजली के तार और सड़क के बीच 14 मीटर की सुरक्षित दूरी आवश्यक है। इसी वजह से टोल प्लाजा की सर्विस रोड को अधिक ऊंचाई पर बनाना संभव नहीं था।

समस्या को हमेशा के लिए खत्म किया जाएगा
सामान्य बारिश में जलभराव की आशंका नहीं थी, लेकिन अधिक बारिश होने से यहां पानी जमा हो रहा है। इससे गड्ढा भी बन गया है। टोल के किनारे दीवार उठाकर समस्या को हमेशा के लिए खत्म किया जाएगा। वहीं सर्विस रोड पर हुए गड्ढे की तत्काल ही मरम्मत करा दी गई है। टीमें सतर्क हैं और आवश्यकतानुसार मरम्मत कार्य किए जाएंगे।

एक्सप्रेसवे से खेतों में भरा बारिश का पानी, फसलें जलमग्न
गंगा एक्सप्रेसवे के कारण ब्लॉक क्षेत्र के कई किसानों के खेतों में बारिश का पानी भर गया है। अवैक गांव निवासी जुग्गीलाल ने यूपीडा के कार्यकारी अधिकारी को शिकायती पत्र भेजा है। पत्र में जुग्गीलाल ने बताया कि उनके गांव के पास से गुजरने वाले गंगा एक्सप्रेसवे से पानी खेतों में आ रहा है।
विज्ञापन

समुचित इंतजाम कराने की गुहार
इससे हुए जलभराव से उनकी मक्का और धान की फसलें डूब गई हैं। उन्होंने यूपीडा से फसलों को नुकसान से बचाने के लिए जलनिकासी के समुचित इंतजाम कराने की गुहार लगाई है। यह स्थिति ब्लॉक क्षेत्र के अन्य किसानों के लिए भी परेशानी का कारण बनी हुई है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें