रायबरेली के गुरुबख्सगंज थाने में मौजूद ट्रक मालिक से तीन दिन बाद परिजनों की मुलाकात हो सकी। पुलिस ने उसे अभी क्लीन चिट नहीं दी है। माना जा रहा है कि सीबीआई की पूछताछ पूरी होने के बाद ट्रक मालिक को छोड़ा जा सकता है।
रायबरेली जिले में उन्नाव की रेप पीड़िता की कार व ट्रक में भिड़ंत के मामले में ललौली के सातआना मोहल्ले का चालक आशीष पाल और खलासी बांदा जिले के पैलानी निवासी मोहन को रायबरेली पुलिस ने जेल भेज दिया।
ट्रक मालिक देवेंद्र किशोर पाल गुरुबख्सगंज थाने में हैं। ट्रक मालिक से पत्नी सुमन पाल और परिवार के सदस्यों की बुधवार को मुलाकात हो सकी। मुलाकात के बाद परिवार के लोग वापस शाम को लौटे। ब्लाक प्रमुख पति नंदू पाल ने बताया कि वह एसपी, चौकी इंचार्ज से बातचीत के बाद भाई से मिलने गए थे।
पुलिस ने पूछताछ पूरी होने तक देवेंद्र को रोके जाने की बात कही है। पूछताछ खत्म होने के बाद देवेंद्र को भेजा जाएगा। इधर, रायबरेली एलआईयू ने ललौली पुलिस से देवेंद्र, चालक आशीष पाल के बारे में पूछताछ की है। ललौली एसओ केशवदास वर्मा ने बताया कि चालक और ट्रक मालिक का कोई आपराधिक इतिहास अभी तक नहीं पाया गया है।