आरटीओ चालान बाबू मधुर मिश्रा
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सारथी भवन में भी हुई पड़ताल
आरटीओ कार्यालय के बाद टीम सारथी भवन पहुंची। यहां स्क्रूटनी का काम करने वाले कंप्यूटर ऑपरेटरों के काउंटर भी जांच के दायरे में आए थे । ऑपरेटरों से पूछताछ की गई और पहचान से जुड़े दस्तावेजों का सत्यापन कराया गया। कार्रवाई के चलते कुछ समय के लिए सारथी भवन का कामकाज भी प्रभावित रहा था ।
जांच के दौरान 13 दलाल और दो बबुओं पर दर्ज हुई थी प्राथमिकी
करीब पांच घंटे तक चली कार्रवाई के बाद पुलिस पकड़े गए संदिग्ध 22 दलालों को काकादेव थाने ले गई। इसके बाद जांच टीम ने सभी से पूछताछ की थी जिसमें 13 को गिरफ्तार और दो बाबुओं समेत 15,के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। आरटीओ कार्यालय में हुई कार्रवाई ने दलालों और कर्मचारियों के गठजोड़ पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल दोनों बाबुओं के निलंबन को जांच की पहली बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है। अब निगाह इस बात पर है कि प्राथमिकी और आगे की जांच में कौन-कौन से नाम सामने आते हैं और विभागीय स्तर पर अगली गाज किस पर गिरती है।
शासन ने दोनों बाबुओं को सही जवाब न दे पाने पर निलंबित कर दिया है। दोनों कटी रसीद के अनुसार अपना जवाब नहीं दे पाए थे। शासन के अनुसार आगे की कार्रवाई होंगी। - अलोक कुमार, एआरटीओ प्रशासन