उन्नाव में दस साल पहले युवती को उसके घर से जबरन उठाकर दुष्कर्म करने के मामले में अपर सत्र एससी एसटी एक्ट के विशेष न्यायाधीश ने दो भाइयों पर दोष सिद्ध होने पर आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 10-10 हजार रुपये जुर्माना लगाया है।
सफीपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में 30 दिसंबर 2009 को भाइयों में सुंदर व मनोहर मल्लाह ने गांव की अनुसूचित युवती को घर से जबरन उठाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। शोर मचाने पर तमंचा लगाकर जान से मारने की धमकी दी थी।
दुष्कर्म के बाद युवती को गांव के बाहर फेंक दिया था। पीड़िता के पिता ने दोनों के खिलाफ कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। विवेचक ने दोनों नामजद आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र पेश किया था।
गुरुवार को इस मुकदमे की सुनवाई अपर सत्र एससी एसटी एक्ट के विशेष न्यायाधीश अयाज अहमद के न्यायालय में हुई। वादी की ओर से अभियोजन अधिकारी एचएन चौधरी ने दलीलें पेश की। अभियोजन व बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद आरोपियों को दोषी मानते हुए दोनों भाइयों को सजा सुनाई।