ट्रांसपोर्ट नरगर में आमसभा को संबोधित करते महामंत्री सतीश गांधी।
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कानपुर। यूपी मोटर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने शनिवार को ट्रांसपोर्ट नगर में आम सभा कर केडीए अफसरों के खिलाफ आंदोलन का एलान किया। पदाधिकारियों ने कहा कि केडीए ने इस बात को गलत ढंग से प्रचारित किया कि हाईकोर्ट ने ट्रांसपोर्टरों की याचिका खारिज कर दी है। दरअसल, हाईकोर्ट के आदेश पर शासन की ओर से जो रिपोर्ट लगाई गई उसकी जानकारी ट्रांसपोर्टरों को नहीं दी गई जबकि रिपोर्ट में न्यू ट्रांसपोर्ट नगर जाने के लिए सहमति दिखा दी गई। इसी आधार पर हाईकोर्ट ने दूसरी याचिका खारिज की।
एसोसिएशन के अध्यक्ष अध्यक्ष गुलशन कुमार व महामंत्री सतीश गांधी ने कहा कि हाईकोर्ट ने यह आदेश दिया था कि ट्रांसपोर्टरों की सहमति से न्यू ट्रांसपोर्ट के लिए किसी दूसरी जगह का चयन किया जाए। केडीए ने इस पर ट्रांसपोर्टरों से कोई सहमति नहीं ली और हाईकोर्ट में गलत रिपोर्ट लगाकर योजना लांच कर दी। रिपोर्ट में यह दर्शाया गया कि सब ट्रांसपोर्टरों की सहमति से हो रहा है। केडीए के इस भ्रष्टाचार को उजागर करनेे लिए ट्रांसपोर्टर फिर से हाईकोर्ट का सहारा लेंगे। यथास्थिति बताएंगे और नई याचिका दाखिल करेंगे। ट्रांसपोर्टरों ने एक स्वर में कहा कि वे पहले यहां विस्थापित होकर आए थे। अब फिर से ऐसी वैसी जगह विस्थापित नहीं होंगे। केडीए ने यदि मनमानी की तो सड़कों पर उतरकर आंदोलन को मजबूर होंगे। ट्रांसपोर्टरों ने कहा कि ऐसा नहीं है कि वे ट्रांसपोर्ट नगर जाना नहीं चाहते, लेकिन उनकी सुविधाओं का ख्याल नहीं रखा गया तो हरगिज नहीं जाएंगे।