मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश पर कराए गए सत्यापन में बड़ी पोल खुलकर सामने आई है। यहां कानपुर जिले में 37 हजार 69 अपात्र गरीबों का राशन डकार रहे थे। अब इन सभी के राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए हैं। एडीएम सप्लाई चित्रलेखा सिंह का कहना है कि शासन से आदेश मिलने पर इन पर कार्रवाई की जाएगी।
गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वालों का अंत्योदय राशन कार्ड बनता है। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा में चयनित पात्र गृहस्थी के तहत आयकर दाता, पक्के मकान के मालिक, कार मालिक का राशन कार्ड नहीं बनता है।
अंत्योदय राशन कार्डधारकों को हर माह दो रुपये किलो की दर से 15 किलो गेहूं और तीन रुपये किलो की दर से 20 किलो चावल मिलता है। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा में चयनित पात्रों को हर माह प्रति यूनिट तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल मिलता है। मुख्यमंत्री के आदेश पर कई विभागों की टीमें बनाकर सत्यापन कराया गया था। इसमें फर्जीवाड़े की पोल खुली है।
-सत्यापन में खुली पोल, सभी कार्ड निरस्त किए