इसमें उन्नाव में तैनाती के दौरान देवेंद्र दुबे पर एक एफआईआर दर्ज हुई थी, जिसका जिक्र था। इन सभी तथ्यों का पुलिस कमिश्नर बीपी जोगदंड ने संज्ञान लिया है। उन्होंने बताया कि इस पहलू की जांच एसीपी अनवरगंज सृष्टि सिंह को दी गई है। विस्तृत जांच रिपोर्ट के बाद ही इसमें कोई कार्रवाई की जाएगी।
अब तक बयान देने नहीं पहुंची आरोपी सिपाही
महिला सिपाही वारदात के बाद छुट्टी लेकर चली गई थी। केस दर्ज होने के बाद छुट्टियां निरस्त कर दी गईं। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि केस की विवेचना क्राइम ब्रांच कर रही है। आरोपी सिपाही को नोटिस जारी कर बयान के लिए बुलाया गया था। अब तक उसने बयान दर्ज नहीं कराए हैं।
दरोगा की पत्नी ने दी थी तहरीर
अनूप की पत्नी पूनम ने फजलगंज थाने में तहरीर दी थी। इसमें फजलगंज थाने में तैनात एक महिला सिपाही पर आरोप लगाया था। दावा किया था कि महिला सिपाही से अनूप के संबंध थे। वह शादी के लिए दबाव बना रही थी। विरोध पर मुकदमे में फंसाने की धमकी दे रही थी। इसी से तंग आकर उन्होंने खुदकुशी कर ली।
पुलिस ने महिला सिपाही पर आत्महत्या दुष्प्रेरण (खुदकुशी के लिए मजबूर करना) की धारा में रिपोर्ट दर्ज की थी। दरोगा की मौत के बाद महिला सिपाही 10 दिन की छुट्टी पर चली गई थी। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद छुट्टियां निरस्त कर दी गई हैं। महिला सिपाही मूलरूप से मुजफ्फरनगर की रहने वाली है।
सिपाही से कहा था...महिला सिपाही से त्रस्त हैं
पूनम ने तहरीर में दावा किया है कि प्रवीण नाम के सिपाही ने अनूप को अस्पताल पहुंचाया। उस वक्त अनूप की सांसें चल रही थीं। इसी दौरान प्रवीण से अनूप ने कहा था कि वह महिला सिपाही से त्रस्त हैं। वह ब्लैकमेल कर रही है, इसलिए जहर खा लिया। जान देना ही एक रास्ता बचा है।
जानकारी के मुताबिक वर्तमान में वह अपने गृह जनपद में है। ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी ने बताया कि केस की विवेचना उच्चाधिकारियों के पर्यवेक्षण में की जा रही है। एक-एक साक्ष्य जुटाने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।