मां को शायद ये बिल्कुल भी आभास न था कि अपने 10 साल के बच्चे को पैसे न देने पर वो कुछ ऐसा कर बैठेगा कि जिसे वो जेंदगी भर न भुला पाएगी। मामला यूपी के फतेहपुर जिले का है जहां 10 साल के बच्चे ने पैसे न मिलने पर ऐसा आत्मघाती कदम उठा लिया कि परिवार पूरी जिंदगी ये घटना न भुला पाएगा।
बैडमिंटन के लिए मां के पैसे नहीं देने से गुस्साए 10 साल के बच्चे ने कमरा बंद कर खुद को आग ली। परिजन उसे गंभीर हालत में इलाज के लिए कानपुर के निजी अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई।
खागा कोतवाली क्षेत्र के हरदों गांव के नीरज तिवारी का बेटा आदित्य तिवारी कक्षा चार का छात्र था। उसने मंगलवार सुबह अपनी मां वर्षा तिवारी से बैडमिंटन खरीदने के लिए पैसे मांगे। मां ने दूसरे दिन बैडमिंटन दिलाने की बात कही तो वह गुस्सा गया। मां घरेलू काम में व्यस्त हो गई तो उसने कमरा बंद कर अपने ऊपर मिट्टी का तेल उड़ेलकर आग लगा ली।
आग लगते ही वह चीखते हुए बाहर भागा। परिजनों ने किसी तरह आग बुझाई और उसे जिला चिकित्सालय ले गए। यहां से उसे कानपुर रेफर कर दिया गया। परिजन उसे कानपुर के निजी अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई। छात्र दो बहनों के बीच अकेला था। कोतवाल एके राय ने बताया परिजनों ने पुलिस को जानकारी नहीं दी है।