पुखरायां। बारिश के मौसम में झांसी-कानपुर हाईवे पर छुट्टा मवेशियों के झुंड वाहन चालकों के लिए परेशानी का कारण बने हुए हैं। जिनसे हादसा होने का डर सता रहा है। लोग छुट्टा मवेशियों को गोआश्रय स्थलों में संरक्षित कराए जाने की मांग कर रहे हैं।
झांसी-कानपुर हाईवे पर जगह-जगह इन दिनों छुट्टा मवेशी का झुंड टहलते हुए नजर आ रहा है। वहीं कई स्थानों पर मवेशी आराम फरमाते हुए दिखाई देते हैं। साथ ही गांवों के संपर्क मार्ग पर भी आरामगाह बनाए हुए हैं लेकिन इससे जिम्मेदार बेखबर हैं। बृहस्पतिवार को झांसी-कानपुर हाईवे पर हांसेमऊ गांव के पास छुट्टा मवेशियों का झुंड नजर आए। इससे वाहन चालक उनसे बचकर निकलते रहे। वाहन चालक सत्येंद्र कुमार बरार, सुंदर पाटिल कलकत्ता, दिनेश कुमार ने बताया कि यमुना नदी का पुल निकलते ही हाईवे पर जगह-जगह छुट्टा मवेशियों के झुंड मिलने लगते हैं। जब वह रोड से हटते हैं तभी निकलना होता है। कभी कभार धोखे से ठोकर लग जाती है।
मंगलवार को देवीपुर के पास उरई निवासी रमेश कुशवाहा की कार मवेशी से टकरा गई थी। जिसमें कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और मवेशी की मौत हो गई। कार सवार सुरक्षित बच गए थे। इसी तरह कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। छुट्टा मवेशियों को गाेआश्रय स्थल में संरक्षित कराया जाना चाहिए। एसडीएम देवेंद्र सिंह ने बताया कि मलासा व अमरौधा ब्लॉकों के बीडीओ को छुट्टा मवेशी गोआश्रम में संरक्षित कराए जाने के निर्देश दे दिए गए हैं।