फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

2000 छात्रों के खिलाफ आरपीएफ ने दर्ज किया मुकदमा, शिनाख्त के लिए देखी जा रही रिकॉर्डिंग

Sun, 05 Feb 2017 12:49 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
छात्रों द्वारा कानपुर में ट्रेन रोके जाने की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
कानपुर में रेलवे ट्रैक जामकर ट्रेन रोकने के मामले में आरपीएफ कन्नौज ने 2000 अज्ञात पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिनाख्त के लिए आरपीएफ ने धरना प्रदर्शन की रिकार्डिंग के आधार पर स्टूडेंट को चिह्नित करना शुरू कर दिया है।
विज्ञापन


ट्रैक जाम करने के मामले में शुक्रवार की देर रात आरपीएफ थाना प्रभारी एमके सिंह ने धरना प्रदर्शन कर रहे 2000 के खिलाफ रेलवे एक्ट की धारा 174 में मुकदमा दर्ज कराया। मामले की जांच आरपीएफ एसआई संजय कुमार राय को सौंपी है। आरपीएफ एसआई संजय कुमार राय ने बताया कि धरना प्रदर्शन कर रहे लोगों की वीडियोग्राफी कराई गई है। जिसके माध्यम से आंदोलन में शामिल लोगों की पहचान शुरू कर दी गई है। धारा 174 में दो साल तक कारावास व जुर्माना या दोनों कार्रवाई की जाएंगी।

शुक्रवार को कानपुर में धरना प्रदर्शन कर रहे मेडिकल स्टूडेंट्स के अनुसार गत वर्ष 2016 में नीट एग्जाम मेडिकल (एमबीबीएस एंड बीडीएस) हुआ था। जिसमें उत्तर प्रदेश में 85 प्रतिशत सीटों पर उम्र और एटेंप नहीं लागू था। इस बार उम्र और तीन एटेंप का प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके चलते करीब दो लाख से ज्यादा विद्यार्थियों का भविष्य खतरे में पड़ गया है। छात्रों की मांग है कि नीट एग्जाम मेडिकल (एमबीबीएस एंड बीडीएस) से उम्र और तीन एटेंप हटाया जाए नहीं तो अध्यादेश लाकर सीपीएमटी दोबारा कराई जाए। छात्राें ने कहा कि वह सभी दोबारा सीपीएमटी कराने के पक्ष में हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें