पकड़े गए डाकू पप्पू कोल के साथ मौजूद एसटीएफ व पुलिस की टीम
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साढ़े पांच लाख के ईनामी डाकू बबुली कोल गैंग से एसटीएफ और एंटी डकैती टीम की चित्रकूट में सोमवार सुबह मारकुंडी थानाक्षेत्र के करौंहा जंगल में मुठभेड़ हुई। दोनों ओर से लगभग आधे घंटे तक ताबड़तोड़ फायरिंग से पूरा जंगल गूंज उठा। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर गैंग सरगना के भतीजे 60 हजार के इनामी डाकू पप्पू कोल को दबोच लिया। गैंग सरगना समेत अन्य सदस्य भागने में सफल रहे। पुलिस टीम का दावा है कि अन्य डकैतों के घायल होने की संभावना है। पुलिस टीमें अभी भी जंगल में डकैतों की खोजबीन कर रही हैं। पिछले दिनों पुलिस ने गैंग को असलहा सप्लाई करने जा रहे छह लोगों को पुलिस ने पकड़ा था। उनके पास से 9 असलहे और 70 कारतूस बरामद हुए थे।
एसटीएफ के सीओ ऋषि कुमार सिंह और एंटी डकैती टीम प्रभारी संतोष कुमार ने डाकू बबुली कोल गैंग के जंगल के पास मौजूदगी की सूचना पर घेराबंदी की। मानिकपुर, मारकुंडी और बहिलपुरवा थाने की पुलिस टीमें भी अन्य जंगल क्षेत्र में डकैतों के भागने की संभावना पर मौजूद थी। जैसे ही एसटीएफ और एंटी डकैती टीम करौंहा जंगल में मुखबिर के साथ आगे बढ़ी तो पत्थरों की आड़ में मौजूद डकैतों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद दोनों ओर से लगभग आधे घंटे तक गोलियां चलीं। पुलिस को आगे बढ़ता देख डकैत पहाड़ की ओर भागने लगे। इसी दौरान टीम ने एक डाकू को दबोचने में सफलता पाई।
पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार झा ने बताया कि दबोचा गया सदस्य मनगवां के मुटवन निवासी पप्पू कोल पुत्र नत्थू है। यह डाकू बबुली कोल का सगा भतीजा है। इस पर यूपी से 50 और एमपी से 10 हजार का ईनाम घोषित है। इस पर हत्या अपहरण, धमकी और रंगदारी वसूलने के यूपी-एमपी के कई थानों में एक दर्जन मामले दर्ज हैं। इसके कब्जे से एक रायफल, 23 कारतूस और 4 खोखे बरामद हुए हैं। इसके अलावा पांच थर्टी स्प्रिंग रायफल के कारतूस बरामद हुए। यह गैंग का विश्वसनीय सदस्य था। इसके अलावा भागे डकैतों की तलाश की जा रही है। संभावना है कि कुछ डकैत घायल भी हुए होंगे।