अतीक पर हत्या, अपहरण, कब्जे समेत गंभीर धाराओं में 42 पुलिस केस
कानपुर कैंट से सपा प्रत्याशी बनाए गए बाहुबली नेता और पूर्व सांसद अतीक अहमद के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, अपहरण, धोखाधड़ी और कब्जे समेत 42 मामले दर्ज हो चुके हैं।
अतीक अहमद ने 2014 के लोकसभा चुनाव में कुल 42 आपराधिक मामलों का ब्यौरा दिया था। 18 मामलों में उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल हो चुकी थी और 24 मामले अदालतों में विचाराधीन हैं। एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक राइट्स (एडीआर) की रिपोर्ट के मुताबिक अतीक ने निर्वाचन आयोग को दिए हलफनामे में कुल 42 आपराधिक मुकदमों का जिक्र किया है। जिन मामलों में चार्जशीट दाखिल की गई है, हत्या के 6, हत्या की कोशिशों के 6, अपहरण के 4, धोखाधड़ी से संबंधित 4, घर पर कब्जा करने के 2, सरकार कामकाज में बाधा डालने के 2 आरोपों समेत विभिन्न गंभीर धाराओं के मामले हैं। विचाराधीन मामलों में आपराधिक केसों की लंबी फेहरिस्त है। वर्ष 2005 में बसपा विधायक राजू पाल की हत्या में उन्हें नामजद किया गया है। अतीक के खिलाफ अधिकतर मामले इलाहाबाद के हैं।
मुसलिम कार्ड की कोशिश
विधानसभा चुनाव में बाहुबली अतीक अहमद पर चुनावी दांव लगाने के सपा के फैसले को मुसलिम कार्ड से जोड़कर देखा जा रहा है। दरअसल, मायावती जिस तरह मुसलमानों को लुभाने में लगी हुई है, उससे सपा चौकन्नी हो गई है। 2017 चुनाव से सपा ऐसे मुस्लिम चेहरों पर दांव लगाना चाहती है जो अपने दमखम पर उसका चुनावी गणित बनाने-बिगाड़ने की हैसियत रखते हैं। इस पैमाने में अतीक अहमद सपा को फिट लगते हैं।