कोतवाली क्षेत्र में एक पारिवारिक विवाद ने दुखद मोड़ ले लिया, जहां अलग रहने को लेकर हुए झगड़े में बेटे के हमले में पिता की मौत हो गई। घटना के बाद पुलिस ने आरोपी बेटे के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मां ने आरोपी को मानसिक रूप से अस्वस्थ बताया है। उसका दो साल से इलाज चल रहा था।
कोतवाली क्षेत्र के जगतपुरा गांव निवासी संदीप कुमार (45) अपने तीन बेटों सौरभ (21), कल्लू (16) और शिवम (12) तथा पत्नी अमरवती के साथ रहते थे। सात अप्रैल को सुबह करीब 11 बजे घर में संदीप और सौरभ ही मौजूद थे, जबकि अमरवती बाहर गई थीं। इसी दौरान अलग रहने और अलग खाना बनाने की बात को लेकर पिता-पुत्र के बीच कहासुनी हो गई। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और दोनों के बीच हाथापाई होने लगी। इसी बीच सौरभ ने गुस्से में आकर लोहे की रॉड से पिता के सिर पर वार कर दिया। इससे वह मौके पर ही बेहोश होकर गिर पड़े।
घटना के बाद सौरभ घर से निकल गया। कुछ देर बाद जब अमरवती घर लौटीं तो पति को अचेत अवस्था में पड़ा देख शोर मचाया। परिजनों ने उन्हें तत्काल जिला अस्पताल उरई पहुंचाया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें झांसी रेफर कर दिया गया। वहां बुधवार रात संदीप कुमार ने दम तोड़ दिया। बृहस्पतिवार सुबह शव गांव पहुंचने के बाद परिवार में कोहराम मच गया। मां अमरवती की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी बेटे सौरभ के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है।
अमरवती के अनुसार सौरभ पिछले दो वर्षों से ग्वालियर में इलाज करा रहा था, लेकिन हाल के दिनों में वह दवा नहीं खा रहा था। सीओ शैलेंद्र बाजपेई ने बताया कि घटना की सूचना पहले पुलिस को नहीं दी गई थी। संदीप की मृत्यु के बाद मामला संज्ञान में आया है। इसके आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी से पूछताछ की जा रही है। बताया कि आरोपी मानसिक रूप से बीमार है और उसका इलाज चल रहा था।