कानून-व्यवस्था से बगावत कर कोई इंसान कब बागी बन जाता है और ऐसे कौन से तरीके हैं, जिनकी मदद से समाज से भटके लोगों को वापस मुख्यधारा में लाया जा सकता है, इन मुद्दों पर फिल्म सोन चिड़िया के कलाकार कानपुर में होने जा रहे सिने संवाद में पूर्व दस्युओं से बातचीत करेंगे। इस दौरान अमर उजाला के पाठक भी फिल्मी सितारों से सवाल पूछ सकेंगे।
पहले आओ पहले पाओ के आधार पर प्रवेश
बागी बोलता है कार्यक्रम भौंती स्थित पीएसआईटी के सभागार में आयोजित होगा। सीटें सीमित हैं, इसलिए कार्यक्रम में पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर प्रवेश दिया जाएगा। प्रवेश के लिए संस्थान के दरवाजे दोपहर दो बजे से खुले रहेंगे।