फर्रुखाबाद के कंपिल थाना क्षेत्र के गांव राईपुर चिनहटपुर में दो किसानों की झोपड़ी में आग लगने से आधा दर्जन मवेशी जल कर मर गए। ग्रामीणों ने पानी व मिट्टी डाल कर जब तक आग पर काबू पाया तब तक लाखों का घरेलू सामान जलकर राख हो गया। सूचना के बावजूद लेखपाल मौके पर नहीं पहुंचा। साथ ही दमकल भी करीब तीन घंटे बाद पहुंची।
गांव राईपुर चिनघटपुर निवासी रामशरन की दो झोपड़ी रखी थीं। पीछे की झोपड़ी में उनके जानवर बंधे थे व अन्य सामान रखा रहता था। आगे की झोपड़ी में वह रहते थे। रविवार दोपहर में पीछे वाली झोपड़ी में किसी कारण से आग लग गई। आग की लपटें देख गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीण घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े। तेज हवा चलने से देखते ही देखते आग ने पड़ोस के राजीव पुत्र शम्भूदयाल की भी झोपड़ी को चपेट में ले लिया।
आग का विकराल रूप देख झोपड़ियों में बंधे जानवर निकालने की हिम्मत कोई नहीं जुटा पाया
आग का विकराल रूप देख झोपड़ियों में बंधे जानवर निकालने की हिम्मत कोई नहीं जुटा पाया। इससे जानवर जिंदा जल गए। ग्रामीणों ने हैंडपंप चलाकर पानी, मिट्टी आदि डालकर करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। तब तक दोनों घरों का सब कुछ जल कर राख हो गया था।
सूचना पर यूपी 100 व थाना पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली। जानकारी के बाद भी लेखपाल मौके पर नही पहुंचे। वहीं दमकल आग बुझने के करीब तीन घंटे बाद पहुंची। इस पर ग्रामीणों ने रोष जताया।
आग लगने से रामशरन पुत्र रामसनेही के झोपड़ी में बंधी एक भैंस, एक बछड़ा, दो इंजन, 20 क्विंटल भूसा व घरेलू सामान जल गया। वहीं राजीव पुत्र शम्भूदयाल की झोपड़ी में रखी 20 मन तंबाकू, एक भैंस, भैंस के तीन बच्चे, 30 क्विंटल भूसा, टिल्लू पंप, घरेलू सामान जल गया। आग से करीब चार लाख का नुकसान हुआ है।