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छात्रवृत्ति घोटाला: आरसी जारी कर सात विद्यालय संचालकों से की जा रही वसूली, विभाग ने दी सूचना

Tue, 23 Jul 2019 11:50 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, इटावा
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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यूपी के इटावा मे कक्षा एक से दस तक की छात्रवृत्ति हड़पने के मामले में सात विद्यालय संचालकों के खिलाफ आरसी जारी करके रकम वसूली जा रही है। यह जानकारी समाज कल्याण विभाग के निदेशक को डीएम के स्तर से भेजे गए पत्र में दी गई है। 
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यह मामला वर्ष 2008-09 का है। इसकी जांच आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने की। जांच में फर्जी छात्र संख्या दर्शाकर सात विद्यालयों पर 89140 रुपये गबन करने की बात सही मिलने पर विभागीय निदेशक के निर्देश पर जिला समाज कल्याण अधिकारी शिशुपाल सिंह ने सिविल लाइन थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इन सातों विद्यालय संचालकों के खिलाफ हड़पी गई रकम की वसूली के लिए आरसी जारी हो चुकी है।

 

इस मामले में अब तक क्या कार्रवाई हुई। इसकी जानकारी मांगे जाने पर डीएम ने समाज कल्याण विभाग के निदेशक को पत्र भेजकर बताया है कि आरसी जारी करके इन सातों विद्यालयों के संचालकों से रकम वसूली जा रही है। 

मालूम हो कि वित्तीय वर्ष 2008-09 में कक्षा एक से 10 तक की अनुसूचित जाति व सामान्य वर्ग के छात्रों की छात्रवृत्ति वितरण में छात्रों की संख्या फर्जी तरीके दर्शाई गई। उनके नाम से शासकीय धनराशि आहरित करके गबन किया गया। दर्ज रिपोर्ट के अनुसार सभी सातों विद्यालय नगर क्षेत्र के हैं।


 
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इसमें ज्योतीनगर के बाल गोपाल विद्यामंदिर जेएसएस ने 17740 रुपये , कृष्णानगर पक्काबाग का डॉ. बीआर अंबेडकर ने 5700 रुपये, कटरा शमशेर खां के महर्षि विवेकानंद विद्यामंदिर जेएसएस ने 19200 रुपये, यशोदानगर के प्रियंका बाल विद्या मंदिर ने 15600 रुपये, अड्डा टीला के सरस्वती कांवेंट स्कूल ने 9600 रुपये, रामनगर के शहीद अवंतीबाई सरस्वती विद्या मंदिर ने 6600 रुपये और रामनगर तुलसी अड्डा के टीडीएस कांवेंट स्कूल ने 14700 रुपये का छात्रवृत्ति हड़प कर ली। इन विद्यालयों के तत्कालीन प्रबंधक व प्रधानाचार्यों को इसके लिए आरोपी बनाया गया है।

इस संबंध में जिला समाज कल्याण अधिकारी शिशुपाल सिंह ने बताया कि विभागीय आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कराई जा चुकी है। संबंधित सहायता एवं मान्यता प्राप्त विद्यालयों के प्रबंधक व प्रधानाचार्यों के खिलाफ भी पहले रिपोर्ट दर्ज हो चुकी है। गबन की रकम वसूलने के लिए आरसी हो चुकी है। जिसकी वसूली तहसील स्तर से की जा रही है।

इटावा के सदर तहसीलदार एन राम ने बताया कि विद्यालय संचालकों से वसूली की जा रही है। हालांकि कुछ विद्यालयों के पते स्पष्ट नहीं है। जिनकी जानकारी करा रहे हैं।
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