इटावा। बीती 28 मार्च को प्रेमी पर कार्रवाई होने से क्षुब्ध किशोरी के वन स्टॉप सेंटर में फंदे पर लटककर जान देने के मामले में एडीएम के नेतृत्व में गठित टीम ने अपनी रिपोर्ट डीएम को सौंप दी है। इसमें सेंटर पर उस समय ड्यूटी कर रहीं चौबिया थाने की स्वाती समेत चार महिला सिपाही, दो होमगार्ड और बाल संरक्षण टीम की महिला कर्मचारी बेवी तब्बसुम को दोषी पाया गया है। एडीएम अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने बताया कि वन स्टॉप सेंटर में उस समय चार किशोरियां निगरानी में रखी गई थीं। चारों की निगरानी के लिए संबंधित थाने की सिपाहियों की ड्यूटी लगाई गई थी। साथ ही दो होमगार्ड भी सेंटर पर तैनात थे। वहीं देखभाल के लिए बाल संरक्षण टीम की एक महिला कर्मचारी भी थी। जांच के दौरान सातों कर्मचारी की लापरवाही सामने आई है। डीएम को रिपोर्ट दे दी गई है। कार्रवाई के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों को रिपोर्ट भेज दी है। जल्द ही सभी पर कार्रवाई की जाएगी।