कानपुर में नजीराबाद इलाके में पारिवारिक संबंधों का फायदा उठाकर एक फाइनेंस कंपनी के संचालक ने बुजुर्ग से निवेश के नाम पर 51 लाख रुपये की ठगी कर ली। जालसाज ने बुजुर्ग को दो कंपनियों में रुपये निवेश किए जाने के फर्जी कागज भी दे दिए। सीपी के आदेश पर पुलिस ने पांच के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की है।
कौशलपुरी निवासी रिचा ने बताया कि उनके पिता स्व. रमाकांत शर्मा की रावतपुर के शिवा अपार्टमेंट निवासी सुशील धवन व उनके पिता से दोस्ती थी। सुशील और उसके पिता चौधरी फाइनेंस कंपनी के संचालक हैं। सुशील, उसके पिता व उसकी पत्नी अंजनी ने पिता को विश्वास में लेकर प्रसिद्ध कंपनी में निवेश कराने का झांसा देकर 51 लाख रुपये ले लिए। इसके बाद तीनों ने रमाकांत को दो नामचीन कंपनी में धन निवेश करने के फर्जी कागज दे दिए। तीनों ने पिता से कहा कि पूरा पैसा वर्ष 2023 के जनवरी व अगस्त माह में मिल जाएगा।