कानपुर-इटावा हाईवे पर हादसे में डीसीएम व ट्रॉला के मालिकों और चालकों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। कोतवाली के एसआई प्रकाश सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें कहा है कि दुर्घटना की जानकारी मिली तो वह मौके पर पहुंचे। वहां डीसीएम और ट्राला दुर्घटनाग्रस्त दिखे। चारों तरफ घायल व मृतकों के शव पड़े थे।
आसपास मौजूद लोगों व हाईवे पेट्रोलिंग कार के हेड कांस्टेबल उदयवीर सिंह व कांस्टेबल जयवीर सिंह ने बताया कि डीसीएम और ट्राला तेज गति से हाईवे पर चोरी छिपे माल वाहक वाहनों से सवारियां ले जा रहे थे। इनको हाथ देकर रोका।
यह दोनों वाहन आपस में एक-दूसरे से आगे निकलने की होड़ कर रहे थे। थोड़ी देर बाद दोनों वाहनों के दुर्घटनाग्रस्त होने की जानकारी मिली। घटना के बाद डीसीएम के घायलों ने बातचीत करने पर बताया कि उन्होंने डीसीएम के मालिक व ड्राइवर को 15 सौ रुपये प्रति सवारी का भाड़ा देकर दिल्ली (गाजियाबाद) से अपने गंतव्य तक पहुंचाने की बात कहकर बैठे थे।
ट्राला की घायल सवारियों ने बताया कि उन्होंने ट्राला मालिक व ड्राइवर को दो हजार रुपये प्रति सवारी भाड़ा देकर राजस्थान से अपने गंतव्य तक पहुंचाने की बात तय की थी। इसके बाद ट्राला में बैठे थे। माल वाहक वाहनों से सवारियां ले जाना वर्जित है। इसके बाद भी दोनों वाहनों के मालिकों व ड्राइवरों ने जानबूझकर लोगों की जान से खिलवाड़ किया।