माई सिटी रिपोर्टर कानपुर। रजिस्ट्री दफ्तर में लगी आग ने कई सवाल खड़े कर दिये हैं। आग लगना हादसा है या साजिश ये सबसे बड़ा सवाल है। रजिस्ट्री दफ्तर में भ्रष्टाचार का भी लेखा-जोखा रखा हुआ था, जो आग लगने से राख हो गया। जिससे अफसरों तक कई मामलों की आंच नहीं पहुंच पाएगी। अगर मामले की निष्पक्ष जांच होगी तो बड़े खुलासे हो सकते हैं। स्टांप संबंधी भी दस्तावेज रजिस्ट्री दफ्तर में रखे हुए थे। कुछ समय पहले स्टांप घोटाल भी हुआ था। ऐसे में इस दफ्तर में आग लगना साजिश की ओर इशारा कर रहे हैं। फिलहाल आलाधिकारी मामले में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। वो साजिश से सीधे इंकार कर रहे हैं। उनका कहना है कि ये महज हादसा है। शॉर्ट सर्किट से आग लगी। कोतवाली सीओ राजेश पांडेय ने बताया कि अगर मामले में अफसर निर्देश देंगे तो जांच की जाएगी। भ्रष्टाचार की सूची में है जोन-3 आग रजिस्ट्री दफ्तर के जोन तीन में लगी। इसको लेकर रजिस्ट्री विभाग के कुछ लोगों ने बताया कि जोन भ्रष्टाचार की सूची में सबसे ऊपर है। यहां की तमाम शिकायतें दबी पड़ी थीं। ये कारण भी साजिश की ओर ही इशारा कर रही है। जिससे घोटाले का नामोनिशान न रहे। उधर आग लगने से विभागीय काम पूरी तरह से ठप रहा।