आनलाइन एप के लिए काम करने वाले कर्मचारियों को श्रम एवं रोजगार मंत्रालय भारत सरकार की ओर से पंजीकरण प्रक्रिया शुरू की गई। पंजीकरण के बाद उन्हें श्रम विभाग की ओर से संचालित योजनाओं का लाभ मिल सकेगा।
अपर श्रमायुक्त कानपुर क्षेत्र, पीके सिंह ने बताया कि ऑनलाइन विभिन्न सेवाएं उपलब्ध कराने वाले ओला, उबर, जोमेटो, स्वीगी, ब्लू डार्ट, अमेजन, फ्लिपकार्ट, यू ट्यूब, फेसबुक जैसे तमाम ऑनलाइन प्लेटफार्म के माध्यम से कार्यशील कर्मचारियों को अनुबंध की शर्तों के अधीन मेहनताना दिया जाता है। उनका नियोक्ता के साथ कर्मचारी और सेवायोजक जैसा संबंध नहीं होता है।
वो केवल डिजिटल माध्यम से एक दूसरे से जुड़े होते हैं। इन्हें प्लेटफार्म वर्कर्स या गिग वर्कर्स कहते हैं। ऑनलाइन एप से जुड़े नियोक्ता को एग्रीगेटर्स कहा जाता है। अब इन्हीं कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा देने के तहत पंजीकरण प्रक्रिया शुरू की गई है। सर्वोदयनगर स्थित कार्यालय में आकर कोई भी निशुल्क पंजीकरण करा सकता है। ब्लाॅकों में भी पंजीकरण शिविर लगाए गए हैं।
इन सेवाओं से जुड़े कर्मचारी करा सकेंगे पंजीकरण
राइड शेयरिंग सर्विस ओला, उबर, क्विकराइड, मारू, कूबो, टैक्सी फोर्सर, फूड एंड लाजिस्टिक डिलीवरी जोमेटो, स्वीगी, ब्लिंकिट, फूड पांडा, विग बास्केट, जैपटो, ब्लिंकिट, लाजिस्टिक सर्विस एक्सप्रेसवीस, एक्सप्रेस लाजिस्टिक, ब्लू डार्ट, फिडेस्क, ट्रेक्कान, शिप राकेट, पार्टर, ई-मार्केट प्लेस अमेजान, फ्लिपकार्ट, स्नैपडेल ई-वे, शाप क्लू, होम शाप 18, मिंत्रा, मीसो, प्रोफेशनल अरबन कंपनी, जेरोधा, एंजेल ब्रोकिंग, प्रेक्टो लाइक, बाइजूस, बेटर हेल्थ, टाक्स पेस, वेडांटू, टापर्स, लीगल रा, हेल्थकेयर प्रेक्टो, नाइका, टाटा 01 एमजी, नेटमेडस, मेड लाइफ फिटविट, मेक माइ ट्रिप, गोइवो, यात्रा, अगोडा, यू ट्यूब, फेसबुक, नेटफ्लिक्स, स्पोटीफाई, गूगल।