कानपुर देहात। गुरुवार को अकबरपुर में जमकर बारिश हुई। नगर पंचायत के नाले उफना गए। गलियों में पानी भर गया। बरसात से खेतों में पड़ी मूंग की फसल खराब हो गई। धान की नर्सरी तैयार करने वाले किसानों को फायदा हुआ है। इससे उनमें खुशी है।
जिले में लगातार दूसरे दिन बारिश होने से नगरीय क्षेत्रों में नाला सफाई की हकीकत सामने आ रही है। गुरुवार को अकबरपुर में बारिश से ओवर ब्रिज के नीचे, जिला अस्पताल, पराग डेरी के पास पानी भर गया। नाला उफनाने से गलियों में जलभराव हो गया। लोगों को आवागमन में परेशानी होने लगी। सरवनखेड़ा, रनियां, गजनेर में काफी तेज बारिश हुई। बाकी अन्य हिस्सों में बारिश सामान्य रही। बारिश से किसानों की मूंग की फसल को भारी नुकसान हुआ है।
अधिकांश किसानों की मूंग की फसल खेतों में ही पड़ी है। उधर, राजपुर के कमलपुर गांव में विश्नोई मोहल्ले में सड़क पर जलभराव होने से लोगों को दिक्कत हो रही है। वहां लोगों के घरों में गंदा पानी जाने लगा है। रामचंद्र विश्नोई, सुनील पाल, रमेश पाल, विद्यावती, अरविंद कुशवाहा, रानी विश्नोई ने बताया कि पांच साल पहले प्रधान ने पक्की सड़क बनवाई थी, लेकिन जल निकासी के प्रबंध न होने से जलभराव की समस्या से लोगों को जूझना पड़ रहा है। बीडीओ अमरौधा भगवान सिंह चौहान ने कहा कि समस्या की जानकारी नहीं है। संबंधित सचिव से समस्या का समाधान कराया जाएगा।
बिजली गिरने से छह बच्चों समेत दस झुलसे
सरवनखेड़ा (कानपुर देहात)। दुआरी गांव के मजरा मन्हापुरवा में बिजली गिरने से छह बच्चों समेत दस लोग झुलस गए। 45 बकरियों की मौत हो गई। राजस्व टीम ने मौके पर पहुंच कर क्षति का आकलन किया। पशु चिकित्साधिकारी ने बकरियों का पोस्टमार्टम किया।
गुरुवार को दस बजे मन्हापुरवा गांव की सुमित्रा (55), सुरेश (55), संदीप (18), शिवेंद्र (12), अभय (5), शुभ (6), मनीष (8), विवेक (14), अनुज (15), रामचरण की 18 वर्षीय बेटी छोटू बकरी चराने गए थे। इसमें सभी की मिलाकर 50 बकरियां थीं। बारिश होने पर बकरियों को लेकर गोगूमऊ गांव निवासी पप्पू सिंह गौर के खेत में जामुन के पेड़ के नीचे सभी लोग खड़े हो गए। बिजली गिरने से 45 बकरियों की मौत हो गई। वहां मौजूद सभी दस लोग झुलस गए।
इसकी जानकारी पर यूपी 112 पुलिस मौके पर पहुंची। वहीं ग्रामीणों की भारी भीड़ वहां लग गई। सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई। नायब तहसीलदार अर्चना शर्मा, लेखपालों की टीम लेकर पहुंचीं। झुलसे लोगों को निजी अस्पतालों में परिजन ले गए। वहां से विवेक व सुमित्रा को जिला अस्पताल भेजा गया। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. वृंदावन राठौर ने सभी बकरियों का पोस्टमार्टम किया। नायब तहसीलदार ने बताया कि सभी मृत बकरियों का विवरण दर्ज किया गया है। पीड़ितों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। पूरी रिपोर्ट एसडीएम को भेजी गई है।