आईआईटी में निकाला गया था सीएए के विरोध में मार्च
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जामिया के छात्रों की पिटाई के विरोध में आईआईटी कानपुर में छात्रों की ओर से आयोजित सभा में हुए भड़काऊ भाषण की जांच पूरी होगी है। इसकी रिपोर्ट उच्च निदेशक को सौंप दी गई है। रिपोर्ट के आधार पर छात्रों के खिलाफ कार्रवाई तय होगी।
पुलिस द्वारा जामिया मिल्लिया विश्वविद्यालय के छात्रों पर की गई बर्बरता के विरोध में आईआईटी के छात्रों ने शांति मार्च और सभा का आयोजन किया था। इसका वीडियो वायरल हुआ था। इसमें कुछ छात्रों ने फैज अहमद फैज की नज्म पढ़ी, भड़काऊ भाषण और राष्ट्रविरोधी नारे लगाए गए थे।
जिसे कुछ प्रोफेसरों ने देश विरोधी बताया और शिकायत की। इस पर निदेशक अभय करंदीकर ने जांच कमेटी गठित की थी। करीब डेढ़ महीने के बाद इसकी रिपोर्ट आ गई है। उच्च अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट निदेशक को सौंप दी गई है। इसके बाद जल्द ही दोषियों के खिलाफ एक्शन लिया जाएगा।