यूपी पुलिस के अत्याचार का एक और मामला सामने आया है। एक ठेला लगाने वाले अंडा विक्रेता ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसके साथ मारपीट की है और उसकी जेब से ढाई हजार रुपये निकाल लिए। इस संबंध में पीड़ित ने मुख्यमंत्री समेत पुलिस के आला अधिकारियों को शिकायत भेजी है। साथ ही कार्रवाई की मांग की है।
कदौरा के मोहल्ला इस्मालाबाद में इशरार निवासी हमीरपुर हाईवे किनारे बस स्टाप पर पिछले कई वर्षों से अंडे की दुकान लगा रहा है। उसका कहना है कि 29 दिसंबर को रात के आठ बजे कदौरा थानाध्यक्ष अपने हमराही सिपाहियों के साथ पहुंचे। उन्होंने उससे ठेलिया हटाने को कहा। वह पुलिसवालों के सामने गिड़गिड़ाने लगा।
इस पर थानाध्यक्ष ने उससे तीन हजार रुपये की मांग की। मना करने पर उन्होंने उसे लात घूसों से पीट दिया। इस दौरान इशरार की जेब से ढाई हजार रुपये निकाल लिए और झूठे मुकदमें में फंसाने की धमकी देते हुए चले गए। पीड़ित ने इस संबंध में मुख्यमंत्री, आईजी, डीआईजी, एसपी व राष्ट्रीय मानवाधिकार में शिकायत की है।
साथ ही न्याय दिलाने की गुहार लगाई है। पीड़ित के अनुसार उसने पुलिस के डर से ठेलिया लगाना बंद कर दिया है और अब घटना की जांच कराने और दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की है।
थानाध्यक्ष लालमणि सिंह ने कहा कि अंडा विक्रेता अपने ठेले पर लोगों को शराब पिलवाता है। इस कारण वहां अराजक तत्वों का जमावड़ा रहता है जिससे लोगों को परेशानी होती है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए उसे डांट डपट दिया था। इसलिए वह मारपीट और रुपये छीनने का निराधार आरोप लगा रहा है।