इसके बाद प्रधानमंत्री ने अरविंद भाई मफतलाल के नाम से डाक टिकट जारी करने की घोषणा की है। बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चित्रकूट के दौरे में अस्पताल के संस्थापक अरविंद भाई मफतलाल की जयंती के सौ साल पूरे होने पर ही पहुंचे हैं। प्रधानमंत्री अरविंद भाई के कामों से बेहद प्रभावित हैं।
सभा को संबोधित करने के बाद प्रधानमंत्री तुलसी पीठ में जगतगुरु रामभद्राचार्य से मिलने पहुंचे। यहां पर जगतगुरु की हस्तलिखित तीन पुस्तकों का विमोचन किया। उप्रधानमंत्री ने कहा कि संस्कृत भाषा से कई लोग दुश्मनी रखते हैं। भारतीय संस्कृति को कई बार उखाड़ने के प्रयास किए गए। आज चित्रकूट में पूरे दिन भगवान राम के मंदिरों और संतों के दर्शन हुए यह बेहद सौभाग्य का दिन रहा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तुलसी पीठ के बाद अब हेलीपैड पर पहुंचे और मध्य प्रदेश के राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने उन्हें विदाई दी है। दोनों से प्रधानमंत्री ने अपने विशेष विमान के पास पांच मिनट तक विशेष वार्ता की। पीएम को बाय खजुराहो दिल्ली जाने का कार्यक्रम है।