कल्याणपुर क्रासिंग-पनकी रोड की छह किलोमीटर सड़क चार साल में नहीं बनी है। विद्युत लाइनों की शिफ्टिंग, पेड़ों की कटान में विभागीय तालमेल के अभाव से जून में भी काम पूरा होने की स्थिति नहीं दिखती।
इंद्रानगर और आसपास के क्षेत्रों में डाली जा रही सीवर लाइन का काम कई दिनों से पाइप न होने से रुका है। पूरी सड़क खुदी पड़ी है। यह काम तय समय से कई माह देरी से चल रहा है।
अभी सभी क्षेत्रों में सिल्ट सफाई का काम शुरू भी नहीं हुआ है। सफाई के बाद सिल्ट नालों के किनारे ही लगाई जा रही है। शास्त्री नगर केस्को सब स्टेशन के सामने यह स्थिति देखी जा सकती है।
कान्हा गोशाला का काम पूरा होने में अभी कम से कम तीन-चार महीने लग सकते हैं। गोशालाओं के निर्माण में मानकों का ध्यान नहीं रखा जा रहा। जिलाधिकारी ने एक गोशाला निर्माण में गड़बड़ी पकड़ी थी।
आईटीएमएस ठीक से काम नहीं कर रहा। कई स्थानों पर सिग्नल भी खराब हो गए हैं। ज्यादातर इलाकों में जाम लगता है । यह बात पहले भी कई बार कही जा चुकी है। अभी तक अमल नहीं हुआ।
प्रतिबंधित वीआईपी रोड पर भी ई-रिक्शा चलते देखे जा सकते हैं। इनकी अराजकता भी जाम का कारण है। महाराजपुर, बिठूर, चौबेपुर, नर्वल में जमकर अवैध खनन चल रहा है। ट्रांसगंगा सिटी के आसपास मौरंग का भंडारण हो रहा है।
शहर में जगह-जगह कूड़े के ढेर देखे जा सकते हैं। कूड़ा ढोने वाले ट्रक सड़क पर कचरा गिराते निकलते हैं। इससे गंदगी फैलती है। राहगीरों को भी दिक्कत होती है।
बाराबंकी में शराब से मौतों के बाद आबकारी विभाग ने कच्ची शराब और लहन बरामदगी तो कई स्थानों पर दिखाई, लेकिन गिरफ्तारी एक ही हुई। अभियान की औपचारिकता ही निभाई गई।