इटावा। मुख्यमंत्री के सख्त आदेश है कि दफ्तरों के सभी प्रमुख अधिकारी रोजाना सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक कार्यालय में बैठकर जन समस्याओं को सुनकर उनका निस्तारण करेंगे। इसका जिले में पालन नहीं हो रहा है। ठंड बढ़ते ही अफसर व कर्मचारियों की लेटलतीफी शुरू हो गई।
अमर उजाला लाइव के तहत जब इसकी हकीकत परखी गई तो कई अफसर नदारद मिले। सीडीओ ने इसको संज्ञान में लेकर सात अफसरों को कारण बताओ को नोटिस जारी किया। तीन दिनों में जवाब मांगा गया है। संतोषजनक उत्तर न मिलने पर उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
अमर उजाला ने 14 जनवरी को पेज संख्या दो पर लापरवाही : सवा 10 बजे भी दफ्तर नहीं पहुंच रहे अफसर शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। सीडीओ अजय कुमार गौतम ने खबर का संज्ञान लिया। साथ ही समय पर दफ्तर न पहुंचने पर डीडीओ, डीपीआरओ, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी (विकास), जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी व रोजगार ग्रामीण मिशन के जिला प्रबंधक को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इसमें शासन के निर्देश के बाद भी समय से कार्यालय में न बैठने पर नाराजगी व्यक्त की है। इसमें सभी अफसरों से तीन दिन में जवाब मांगा गया है।