युद्ध जैसे हालात बन रहे हैं। मोबाइल भी ऑफ होने वाला है। अब रात में बात कर हालचाल लूंगा। फोन पर दीपक के ये आखिरी शब्द थे। बुधवार सुबह करीब छह बजे कानपुर के मंगला विहार चकेरी निवासी उसके दोस्त आकाश ने दीपक को फोन किया था। तब ये बातें हुई थीं। दोपहर बाद जब दीपक के शहीद होने की खबर आई तो आकाश सहित उसके अन्य दोस्त मिथुन, सागर और आदित्य को सदमा लग गया।