कानपुर की नरवल तहसील अंतर्गत दीपापुर गांव में शनिवार को ग्राम समाज की बेशकीमती भूमि से अवैध अतिक्रमण हटाने पहुंची राजस्व और पुलिस टीम को ग्रामीणों के भारी विरोध और हंगामे का सामना करना पड़ा। जेसीबी से निर्माण ढहाने के दौरान महिलाएं हाथ में ईंट-पत्थर लेकर अफसरों के सामने आ गईं।
जानकारी के अनुसार, दीपापुर में ग्राम समाज की जमीन पर हो रहे अवैध निर्माण को ढहाने के लिए नायब तहसीलदार अजय प्रकाश सिंह, कानूनगो राकेश तिवारी, सहायक चकबंदी अधिकारी किशन मुरारी श्रीवास्तव और चकबंदी लेखपाल की टीम मौके पर पहुंची थी।
हंगामे और उपद्रव की सूचना मिलते ही तहसीलदार शालिनी सिंह और नरवल थाना प्रभारी अनिल कुमार सिंह भारी पुलिस बल के साथ दीपापुर गांव पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने मोर्चा संभालते हुए उपद्रव कर रहे लोगों को खदेड़ा और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
मामले में ग्राम प्रधानपति हीरालाल का कहना है कि तीन फीट के रास्ते को लेकर विवाद था और बिना नोटिस के कार्रवाई की गई, जबकि ग्रामीणों ने गांव के ही मेवालाल पर चार लाख रुपये में ग्राम समाज की जमीन बेचने का संगीन आरोप लगाया है। एसडीएम नरवल सत्यपाल प्रजापति ने स्पष्ट किया कि जमीन पर बार-बार मना करने के बाद भी चोरी-छिपे निर्माण कराया जा रहा था।