कलेजे में जल रही बदले की आग को शांत करना था। इसके लिए दो आरोपियों ने एक सिपाही को मौत के घाट उतारने का प्लान बनाया। इसके बाद दोनों ने मिल कर सिपाही की बड़ी बेरहमी से हत्या कर दी। पकड़े जाने पर आरोपियों ने बताया कि मारपीट का बदला लेने के लिए उन्होंने सिपाही की हत्या की थी।
वैदपुरा थाना क्षेत्र अंतर्गत गांव नगला सेमर के पास पंद्रह दिन पूर्व हुई सिपाही सुधीर कुमार यादव की हत्या के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से लूटा गया मोबाइल और सामान बरामद हुआ है।
क्षेत्र के गांव नगला सेमर निवासी और मथुरा के बरसाना थाने में तैनात सिपाही सुधीर कुमार यादव 30 नवंबर की रात गांव से ड्यूटी पर लखनऊ जा रहा था। रास्ते में बड़ी बेरहमी से उसकी हत्या कर दी गई थी। एसएसपी शिव हरी मीना ने वैदपुरा थाना पुलिस के साथ क्राइम ब्रांच की टीम को घटना का खुलासा करने के लिए लगाया था। शुक्रवार को पुलिस लाइन में प्रेस वार्ता में एसएसपी ने बताया कि दोनों टीमें आरोपियों की तलाश में लगी थीं।
मुखबिर ने सूचना दी कि सिपाही की हत्या का मुख्य आरोपी सतीश कुमार बघेल निवासी अधियापुरा साथी उपेंद्र उर्फ ओपा के साथ अधियापुरा तिराहे के पास भागने की फिराक में खड़ा है। इस सूचना पर क्राइम ब्रांच प्रभारी अजहर अली, सर्विलांस प्रभारी सत्येंद्र यादव, रोहित तिवारी, एसओ वैदपुरा जेपी पाल ने वहां दबिश देकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में सतीश ने बताया कि 25 दिन पूर्व वह ट्रैक्टर लेकर नगला सेमर गया था। उसके ट्रैक्टर में डेक बजने पर सुधीर से विवाद हो गया। सुधीर ने उसके साथ मारपीट की। वह इस अपमान का बदला लेना चाहता था। 30 नवंबर को सतीश हाईवे पर एक दोस्त को लेने गया था। रास्ते में सुधीर उसे दिख गया। इस पर वह वापस घर गया और साथी ओपा को लेकर बाइक से बनकटी की ओर चल दिया।
वह फावडे़ का बेट भी साथ ले गया। उसने सुधीर का पीछा कर उसके सिर पर बेट से प्रहार कर दिया। जिससे वह गिर पड़ा, बाद में दोनों ने मफलर से उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी। शव को छोड़कर फरार हो गए। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त बेट, टिफिन सतीश के घर से बरामद कर लिया। मामले का खुलासा करने वाली टीम को एसएसपी ने पांच हजार का इनाम देने की घोषणा की है। इस मौके पर एएसपी राम किशन यादव, सीओ सैफई विनय चौहान मौजूद रहे।