कानपुर। इस साल शादी के 10 ही शुभ मुहूर्त हैं। ये मुहूर्त 25 नवंबर से 13 दिसंबर के बीच हैं। इसके बाद चार महीने का लंबा इंतजार करना पड़ेगा। 22 अप्रैल से लगन शुरू होगी।
इस बार देवोत्थानी एकादशी 25 नवंबर को है। इसी दिन से मांगलिक कामों की शुरुआत हो जाएगी। पद्मेश इंस्टीट्यूट ऑफ वैदिक साइंसेज के संस्थापक अध्यक्ष पंडित केए दुबे पद्मेश ने बताया नवंबर में तीन और दिसंबर में सात शुभ मुहूर्त हैं। इसके बाद 15 दिसंबर से 14 जनवरी तक खरमास रहेगा। 16 जनवरी से गुरु अस्त हो जाएंगे, जो 14 फरवरी को उदय होंगे। 13 फरवरी से शुक्र अस्त हो रहे हैं। उनका उदय 20 अप्रैल को होगा। इसके चलते इस कालखंड में विवाह नहीं होंगे।
उन्होंने बताया 22 अप्रैल से विवाह के शुभ मुहूर्त शुरू होंगे। ज्योतिषाचार्य स्वाति सक्सेना ने बताया कि 24 नवंबर को चातुर्मास खत्म होते ही धनुर्मास शुरू हो जाएंगे। ये 15 दिसंबर से 13 जनवरी तक रहेंगे। उन्होंने बताया कि सूर्य देव राशि परिवर्तित कर वृश्चिक से धनु में संचरण शुरू कर देते हैं, तब धनु संक्रांति होती है। इस धनुर्मास में शुभ संस्कार वर्जित होते हैं।
ये हैं शुभ मुहूर्त
नवंबर : 25, 29 व 30
दिसंबर : 1,7,8,9,10,11 व 13