हरदोई के संडीला कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत ग्राम मीतों के मजरा दुगाई में दूध का कारोबार करने वाले वृद्ध की धारदार हथियार से वारकर हत्या कर दी गई। उसका शव घर के सामने बने गोड़ा (मवेशी बांधने का स्थान) की छत पर रविवार सुबह पड़ा मिला। पुत्र की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है।
संडीला कोतवाली क्षेत्र के ग्राम बगवारा निवासी रहमान (68) की ससुराल कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मीतों के मजरा दुगाई में है। कई साल से वह पत्नी तकदीरा के साथ ससुराल में ही रह रहा था। शनिवार रात तकदीरा मां के साथ घर पर थी, जबकि रहमान घर के सामने स्थित गोड़ा में सोया था।
खून से लथपथ पड़ा था शव
रविवार सुबह जब छह बजे तक रहमान घर नहीं आया तो तकदीरा गोड़ा गई। गोड़ा में छत पर बिस्तर पर रहमान का खून से लथपथ शव पड़ा देखकर उसके होश उड़ गए। रहमान के सिर पर वार करने के निशान थे। तकदीरा ने शोर मचाया तो आसपास के लोग आ गए।
संडीला के मानसनगर में रहकर दूध का कारोबार करने वाला रहमान का पुत्र रफीक भी गांव पहुंच गया। सीओ नागेश मिश्रा ने बताया कि रफीक की तहरीर पर अज्ञात लोगों के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले की जांच की जा रही है और जल्द ही खुलासा कर दिया जाएगा।
संपत्ति विवाद में हत्या की आशंका
ग्रामीणों की मानें तो बगवारा निवासी रहमान की पत्नी तकदीरा अपने मां-बाप की इकलौती संतान है। तकदीरा के पिता की मौत के बाद से ही रहमान ससुराल आकर रहने लगा। ससुराल में उसे दो मकान और लगभग दो बिसवा खेत भी मिला था। रहमान ने दुगाई में ससुराल से मिले घर के सामने ही खाली पड़ी ससुर की भूमि पर मवेशी पाल लिए थे। विश्वस्त सूत्रों की मानें तो पुलिस को ससुराल में मिली संपत्ति के कारण हत्या किए जाने की आशंका है। फिलहाल परिजनों ने चुप्पी साध रखी है।
बड़े पुत्र ने फांसी लगाकर दी थी जान
ग्रामीणों ने बताया कि रहमान के पुत्र रईस ने 15 वर्ष पहले फांसी लगाकर बगवारा में ही खुदकुशी कर ली थी। रईस की पत्नी मुशीना बगवारा स्थित घर में रहती है। पुलिस इस मामले पर भी जांच कर रही है कि रईस ने आत्महत्या क्यों की थी।