इटावा। महेवा के दांदरपुर गांव में 26 जून को हुए बवाल का मुख्य आरोपी गगन यादव उर्फ शुभम यादव शुक्रवार को केंद्रीय कारागार से रिहा कर दिया गया। जेल से बाहर आए गगन का मेरठ और गुरुग्राम से आए साथियों व परिवार के लोगों ने फूल मालाएं पहनाकर स्वागत किया।
दांदरपुर में 21 जून को छिड़ी जातीय हिंसा के बीच मेरठ निवासी गगन यादव उर्फ शुभम यादव ने सोशल मीडिया पर दांदरपुर गांव पहुंचने का ऐलान किया था। गगन के आह्वान पर 26 जून को बड़ी संख्या में करीब 10 जनपदों से युवक दांदरपुर गांव के बाहर नेशनल हाईवे पर एकत्रित हो गए थे। पुलिस-प्रशासन ने उन्हें जाने से रोका था तो करीब 150 युवकों ने पुलिस पर पथराव कर दिया था। इसमें पुलिस की एक कार क्षतिग्रस्त हो गई थी। हवाई फायर करके पुलिस ने बवालियों को खदेड़ा था। इस मामले में पुलिस ने 20 नामजद और करीब 150 अज्ञातों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। 19 को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया गया था, जबकि गगन यादव फरार चल रहा था। शहर में 26 सितंबर को नगर पालिका के एक कर्मचारी राजीव यादव के आत्महत्या के मामले में गगन यादव ने 15 अक्तूबर को फिर इटावा आने का ऐलान कर दिया था। पुलिस-प्रशासन ने 13 अक्तूबर की रात की रात गगन यादव को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। मंगलवार को पुलिस ने गगन यादव की जमानत अर्जी स्वीकार कर ली थी। कागजी कार्यवाही पूरी होने के बाद शुक्रवार को जेल से रिहा कर दिया। महोला केंद्रीय कारागार के बाहर दोपहर में गगन यादव को लेने उसकी पत्नी रिचा यादव समेत बड़ी संख्या में समर्थक लेने के लिए पहुंचे। जेल के बाहर समर्थकों ने गगन को फूल माला भी पहनाई।