महोबा के चर्चित क्रशर कारोबारी इंद्रकांत त्रिपाठी मामले का शुक्रवार की देररात एसआईटी ने खुलासा कर दिया। एसआईटी के मुताबिक, किसी बाहरी व्यक्ति ने क्रशर कारोबारी को गोली नहीं मारी, बल्कि उन्होंने अपनी गाड़ी के अंदर खुद ही अपनी पिस्टल से गोली मारी।
आगे से खुद को गोली मारने के बाद उन्होंने अपने दोस्त सत्यम और उनके पिता अर्जुन को फोन से जानकारी दी। इसके बाद दोनों पिता-पुत्र अपनी कार से मौके पर पहुंचे और कारोबारी को जिला अस्पताल लाए, फिर कानपुर के रिजेंसी अस्पताल ले गए। एसआईटी गोली मारने की वजह स्पष्ट नहीं कर सकी।
कहा कि कारोबारी परेशान और मानसिक तनाव में थे। पुलिस लाइन में देररात साढ़े नौ बजे पत्रकारों के सामने मामले का खुलासा करते हुए एसआईटी टीम के मुखिया वाराणसी रेंज के पुलिस महानिरीक्षक विजय कुमार सिंह मीना ने बताया कि सात सितंबर को तत्कालीन पुलिस अधीक्षक मणिलाल पाटीदार के खिलाफ छह लाख रुपये रिश्वत मांगने और हत्या कराने की धमकी का आरोप लगाते हुए क्रशर कारोबारी इंद्रकांत त्रिपाठी ने सोशल मीडिया में वीडियो वायरल किया था।